बाबा और बाबा की छड़ी Poem Class 8 Question Answer Notes Summary in Malayalam

Practicing with SCERT Kerala Syllabus 8th Standard Hindi Textbook Solutions Unit 2 Chapter 2 बाबा और बाबा की छड़ी Baba Aur Baba Ki Chadi Poem Question Answer Notes Summary in Malayalam & Hindi improves language skills.

Baba Aur Baba Ki Chadi Poem Class 8 Question Answer Notes Summary

SCERT Class 8 Hindi Unit 2 Chapter 2 Question Answer Kerala Syllabus बाबा और बाबा की छड़ी

Baba Aur Baba Ki Chadi Poem Question Answer

विश्लेषणात्मक प्रश्न :

प्रश्न 1.
‘साथ-साथ चलते हैं दोनोंबाबा और बाबा की छडी!’- इससे आप क्या समझते हैं?
രണ്ടുപേരും ഒരുമിച്ച് നടക്കുന്നു ബാബയും ബാബയുടെ ഊന്നുവടിയും. – ഇതിലൂടെ താങ്കൾ എന്ത് മനസ്സിലാക്കുന്നു?
उत्तर:
इससे यह समझ में आता है कि बाबा अब इस अवस्था में पहुँच गए है कि उन्हें चलने के लिए सहारे की जरूरत होती है। उनकी छडी सिर्फ लकडी का टुकड़ा नहीं है, बल्कि उनके जीवन की एक अहम साथी बन चुकी है।
ഇതിൽ നിന്നും മനസ്സിലാകുന്നത് ബാബ ഇപ്പോൾ നടക്കുന്നതിന് ഒരു സഹായിയുടെ ആവശ്യം വന്നിരിക്കുന്ന സാഹചര്യത്തിലാ ണ് ഉള്ളത്. അദ്ദേഹത്തിന് നടക്കുവാനുള്ള വടി വെറുമൊരു മരക്കഷണം അല്ല. അദ്ദേഹ ത്തിന്റെ ജീവന്റെ ആത്മാർത്ഥ സുഹൃത്താണ്.

प्रश्न 2.
नया-नया जो और आया है नये-नये पेडों पर? – इसका तात्पर्य क्या है?
പുതിയ പുതിയ മാമ്പൂവുകൾ വന്നു പുതിയപുതിയ മരങ്ങളിൽ ഇതിന്റെ ആശയം എന്താണ് ഉദ്ദേശിക്കുന്നത്?
उत्तर:
यहाँ ‘नए बार’ और ‘नए पेड’ को प्रतीक बनाकर मानव जीवन में आनेवाले नयेपन को, परिवर्तनों को नए अनुभवों को और जीवन की उमंगों को हमारे सामने दर्शाताहै।
ഇവിടെ പുതിയ മാമ്പൂവ്, പുതിയ മരം എന്നി വ പ്രതീകങ്ങളായാണ് ഉപയോഗിച്ചിരിക്കു ന്നത്. ഇതിലൂടെ മനുഷ്യ ജീവിതത്തിൽ വരാൻ പോകുന്ന പുതുമയെ, മാറ്റങ്ങളെ, പുതിയ അനുഭവങ്ങളെ, പുതിയ പ്രതീക്ഷ കളെ എന്നിങ്ങനെയാണ് നമുക്ക് കാണിച്ചു തരുന്നത്.

बाबा और बाबा की छड़ी Poem Class 8 Question Answer Notes Summary in Malayalam

प्रश्न 3.
बाबा और बाबा की छडी, दोनों में से कोई अकेला चल नहीं सकता। क्यों?
ബാബയും ബാബയുടെ വടിയും ഈ രണ്ടു പേരിൽ ആർക്കും ഒറ്റക്ക് നടക്കാൻ സാധിക്കു കയില്ല. എന്ത് കൊണ്ട്?
उत्तर:
क्योंकि बाबा और बाबा की छडी हमेशा साथ-साथ चलते हैं। जीवन के एक-एक कदम में वे साथ हैं। दोनों का रिश्ता भी पक्का है। वें आपस में एक दूसरे का सहारा है।
എന്തുകൊണ്ടെന്നാൽ ബാബയും ബാബ യുടെ ഊന്നുവടിയും എപ്പോഴും ഒരുമി ച്ചാണ് സഞ്ചരിക്കുന്നത്. ജീവിതത്തിന്റെ ഓരോ ചുവട് വെയ്പിലും അവർ ഒന്നിച്ചാണ്. രണ്ടുപേരുടെയും ബന്ധം അത്ര മാത്രം ദൃഢ മാണ്. അവർ പരസ്പരം ഒരാൾ മറ്റൊരാൾക്ക് സഹായിയാണ്.

प्रश्न 1.
बाबा और छडी दोनों के आपसी संबंध की सूचना देनेवाली पंक्तियाँ कविता से चुनकर लिखें।
• साथ-साथ चलते हैं दोनों
• ……………………..
• ……………………..
• ……………………..
बाबा और बाबा की छड़ी Poem Class 8 Question Answer Notes Summary in Malayalam 1
उत्तर:
• साथ-साथ चलते हैं दोनों
• फिर वो उसका हाथ पकड़के बाहर लाती है
• थक जाए तो बाबा अक्सर, छडी पे माथा टेकके
• छडी ही उठकर कभी-कभी बाबा को दिखाती है।
• एक कदम जब वो चलती है, एक कदम वो चलता है।
• दोनों में से कोई अकेला चल नहीं सकता
• हाथ अगर छूटे तो दोनों गिर पड़ते हैं

प्रश्न 2.
ये आशय वाली पंक्तियाँ पहचानकर लिखें।

* छडी बाबा को गिरने से बचाती है।
* थक जाने पर छडी बाबा का सहारा बनती है।
* छडी और बाबा दोनो एक दूसरे के सहारे ही चल सकते हैं।

 

बाबा और बाबा की छड़ी Poem Class 8 Question Answer Notes Summary in Malayalam 2
उत्तर:
* हाथ अगर छूटे तो दोनों गिर पड़ते हैं
* थक जाए तो बाबा अक्सर, छडी पे माथा टेक के बेंच पर बैठ भी जाते हैं
* दोनों में से कोई अकेला चल नहीं सकता।

प्रश्न 3.
ये पंक्तियाँ पढ़ें। रेखांकित शब्दों का विश्लेषण करें। इन पंक्तियों के ‘वो’ (वह) किस-किस के लिए प्रयुक्त है?
एक कदम जब वो चलती है।
एक कदम वो चलता है।
बाबा और बाबा की छडी!
उत्तर:
एक कदम जब वो छडी चलती है
एक कदम बाबा चलता है।

प्रश्न 4.
‘वो’ (वह) के बदले ‘बाबा / बाबा की छडी’ में से उचित शब्द जोडकर पंक्तियों

का पुनर्लेखन करें।
एक कदम जब वो चलती है

एक कदम वो चलता है
उत्तर:
एक कदम जब छडी चलती है।
एक कदम बाबा चलता है

प्रश्न 5.
पंक्तियाँ पढ़ें, सूचना के अनुसार लिखें।
पहले वो कहता है – चल बाहर चलते हैं
और उठा लेता है छडी को
बिस्तर पर जो लेटी हुई थी!
फिर वो उसका हाथ पकड़के बाहर लाती है।
* पहली पंक्ति का ‘वो’ किसके लिए प्रयुक्त किया गया है?
उत्तर:
बाबा

* अंतिम पंक्ति का ‘वो’ किसके लिए प्रयुक्त किया गया है?
उत्तर:
छडी

बाबा और बाबा की छड़ी Poem Class 8 Question Answer Notes Summary in Malayalam

प्रश्न 6.
कविता की “छडी” किन-किन के प्रतीक हो सकते हैं? (चर्चा करें)
उत्तर:
बाबा और बाबा की छडी हमेशा साथ-साथ चलते हैं। वे एक दूसरे के बिना चल नहीं सकते। दोनों का रिश्ता भी पक्का है। छडी केवल चलने का सहारा नहीं है, बल्कि उनके जीवन के संघर्ष, धैर्य और तप का प्रतीक है। छडी उस सहारे को भी दर्शाती है जो वे स्वयं अपने जीवन में दूसरों को देते आए हैं। ‘छडी’ केवल लकडी का टुकडा नहीं, बल्कि जीवन के सहारे, अनुभव और आश्रय का द्योतक है।

प्रश्न 7.
बाबा और बाबा की छडी कविता का आस्वादन टिप्पणी लिखें।
उत्तर:
गुलज़ार का जन्म पंजाब के झेलम जिले के दीना गाँव में 18 अगस्त 1934 को हुआ था। गुलज़ार नाम से प्रसिद्ध संपूर्ण सिंह हिंदी फिल्मों के प्रसिद्ध गीतकार हैं। इसके अतिरिक्त वे कवि, पटकथाकार, फिल्म निर्देशक, नाटककार तथा प्रसिद्ध शायर भी हैं। उनकी एक प्रसिद्ध कविता है ‘बाबा और बाबा की छडी’।

कविता में ‘बाबा’ केवल एक वृद्ध व्यक्ति नहीं है, बल्कि अनुभव, परंपरा और आत्मीयता के प्रतीक हैं। उनकी छडी केवल चलने का सहारा नहीं है, बल्कि उनके जीवन के संघर्ष, धैर्य और तप का प्रतीक है। छडी उस सहारे को भी दर्शाती है जो वे स्वयं अपने जीवन में दूसरों को देते आए हैं। अब जब वे वृद्ध हो गए हैं, तो वही सहारा उन्हें जीवन में आगे बढ़ने में मदद करता है। कविता में एक प्रकार की करुणा, श्रद्धा और संवेदना देखने को मिलती है। ‘बाबा’ की छवि ऐसी बनाई है जो पाठक को अपने परिवार के वृद्ध जनों की याद दिला देती है।

कविता में सरल, सहज और भावपूर्ण भाषा काप्रयोग किया गया है। ‘छडी’ को प्रतीक के रूप में प्रस्तुत किया गया है, जो जीवन के सहारे, अनुभव और आश्रय का द्योतक है। कविता यह संदेश देती है कि बुजुर्गों की सेवा, सम्मान और उनका साथ देना हमारा कर्तव्य है।

പഞ്ചാബിലെ ഝലം ജില്ലയിലെ ദീനാ ഗ്രാമത്തിൽ 1934 ആഗസ്റ്റ് 18 നാണ് ഗുൽസാർ ജനിച്ചത്. ഗുൽസാർ എന്ന പേരിൽ പ്രസിദ്ധ നായ സംപൂർണ സിംഗ് ഹിന്ദി സിനിമാ രംഗ ത്തെ പ്രസിദ്ധനായ സംഗീതജ്ഞനാണ്. ഇത് കൂടാതെ അദ്ദേഹം ഒരു കവി, തിരക്കഥാ കൃത്ത്, സിനിമാ സംവിധായകൻ, നാടകപ്രവ ർത്തകൻ, ഉർദു ഭാഷാ കവി എന്നീ നില കളിൽ പ്രശസ്തനാണ്. അദ്ദേഹത്തിന്റെ mcom ‘बाबा और बाबा की छडी’

കവിതയിലെ ബാബ് വെറുമൊരു വൃദ്ധവ്യക്തിയല്ല. മറിച്ച് അനുഭവം, പാര പര്യം, ആത്മീയത എന്നിവയുടെ പ്രതീക മാണ്. അദ്ദേഹത്തിന്റെ ഊന്നുവടി കേവലം നടക്കുന്നതിനുള്ള സഹായിയല്ല പകരം ജീവിതത്തിലെ സംഘർഷം, ധൈര്യം, ദൃഢത എന്നിവയുടെ പ്രതീകമാണ്. സ്വന്തം ജീവിത ത്തിൽ മറ്റുള്ളവരെ കൂടി സഹായിക്കുക യാണ് ഊന്നുവടി ചെയ്യുന്നത്. ഇപ്പോൾ അദ്ദേഹം വൃദ്ധനായപ്പോൾ ആ ആശയം മുന്നോട്ട് പോകുന്നതിന് അദ്ദേഹത്തെ സഹായിച്ചു. കവിതയിൽ ഒരു തരത്തിലുള്ള കരുണ, ശ്രദ്ധ, സഹതാപം എന്നിവ കാണാൻ സാധിക്കുന്നു. നമ്മുടെ കുടുംബത്തിലെ വൃദ്ധജനങ്ങളെ ഓർമ്മിപ്പിക്കുന്ന രീതിയിലാ കവിതയിൽ ‘ബാബ’യെ ചിത്രീകരി ച്ചിരിക്കുന്നത്.

കവിതയിൽ സരളവും, സ്വഭാവികവും, ഭാവപൂർണ്ണവുമായ ഭാഷയാണ് പ്രയോഗി ച്ചിരിക്കുന്നത്. ‘ഊന്നുവടി’യെ ഒരു പ്രതീക മായാണ് അവതരിപ്പിച്ചിരിക്കു ന്നത്. ഇത് ജീവിതത്തിലെ സഹായിയുടെയും അനുഭ വങ്ങളുടെയും, ആശയത്തിന്റെയും സൂചക മാണ്. വൃദ്ധജനങ്ങളെ സേവിക്കുക, ആദരി ക്കുക, അവരെ കൂടെ നിർത്തുക എന്നുള്ളത് നമ്മുടെ കർത്തവ്യമാണ്. ഇതാണ് ഈ കവിതയുടെ സന്ദേശം.

प्रश्न 8.
अनुबद्ध कार्य:
बुजुर्गों के कल्याण के लिए सरकार कई
बाबा और बाबा की छड़ी Poem Class 8 Question Answer Notes Summary in Malayalam 3
• अगस्त 6 – हिरोशिमा दिन (Hiroshima day)
• अगस्त 15 – स्वतंत्रता दिवस (Independence day)
• अगस्त 17 – किसान दिन (Farmer’s day)
• सितंबर 5 – राष्ट्रीय शिक्षक दिवस (National Teacher’s day)
• सितंबर 14 – राष्ट्रीय हिंदी दिवस (National Hindi day)
• सितंबर 16 – ओसोन दिवस (Ozone day)
योजनाएँ चलाती हैं। इन योजनाओं की सूची तैयार करें।
उत्तर:

  1. राष्ट्रीय वयोश्रेष्ठ नागरिक योजना (National Vayosree Yojana)
  2. इंदिरा गाँधी राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना (IGNOAPS)
  3. अटल पेंशन योजना (Atal Pension Yojana)
  4. वरिष्ठ नागरिक बचत योजना (Senior Citizens Saving Scheme – SCSS)
  5. प्रधानमंत्री की वय वंदना योजना (PMVVY)
  6. राशन में प्राथमिकता (Antyodaya Anna Yojana)
  7. राष्ट्रीय वृद्धजन नीति (National policy for older Persons- 1999)
  8. हेल्पलाइन सेवा – एल्डरलाइन (Elderline 14567)

बाबा और बाबा की छड़ी निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर एक शब्द या वाक्य में लिखें:

प्रश्न 1.
बाबा और बाबा की छडी कविता के कवि कौन है ?
उत्तर:
गुलज़ार

प्रश्न 2.
कौन-कौन साथ-साथ चलते हैं?
उत्तर:
बाबा और बाबा की छडी

प्रश्न 3.
पहले कौन कहता है – चल बाहर चलते हैं?
उत्तर:
बाबा

प्रश्न 4.
तब बाबा किसे उठा लेता है?
उत्तर:
छडी को।

प्रश्न 5.
छडी कहाँ लेटी हुई थी ?
उत्तर:
बिस्तर पर।

बाबा और बाबा की छड़ी Poem Class 8 Question Answer Notes Summary in Malayalam

प्रश्न 6.
कौन बाबा का हाथ पकड़कर बाहर चलती है?
उत्तर:
छडी।

प्रश्न 7.
गली के कुत्ते भौंकने से कौन भगा देती है?
उत्तर:
छडी।

प्रश्न 8.
बाबा और बाबा की छडी कहाँ तक जाते हैं?
उत्तर:
बाग तक।

प्रश्न 9.
जब बाबा थक जाते तो क्या करता है?
उत्तर:
बेंच पर बैठकर छडी पर माथा टेकता है।

प्रश्न 10.
छडी बाबा को क्या दिखाती है?
उत्तर:
नए-नए पेडों पर आने वाले नया-नया बौर।

प्रश्न 11.
हाथ अगर छूटे तो क्या होता है?
उत्तर:
बाबा और बाबा की छडी गिर पड़ते हैं।

प्रश्न 12.
यहाँ जवान कौन है?
उत्तर:
बाबा की छडी।

प्रश्न 13.
यहाँ बूढ़ा कौन है?
उत्तर:
बाबा

बाबा और बाबा की छड़ी Poem Class 8 Question Answer Notes Summary in Malayalam

प्रश्न 14.
यहाँ छडी किन-किनका प्रतीक है?
उत्तर:
जीवन के सहारे, अनुभव और आश्रय

Baba Aur Baba Ki Chadi Poem Summary in Malayalam

बाबा और बाबा की छड़ी Summary in Malayalam

पाठ का सारांश :
(साथ-साथ चलते हैं। ……… बाबा और बाबा की छडी ।) (Page 17, 18 TB)

गुलज़ार नाम से प्रसिद्ध संपूर्ण सिंह हिंदी फिल्मों के प्रसिद्ध गीतकार है। इसके अतिरिक्त आप कवि, पटकथाकार, फिल्मनिर्देशक, नाटककार तथा प्रसिद्ध शायर भी है। उनकी रचनाएँ मुख्यतः हिंदी, उर्दू तथा पंजाबी में हैं। उनकी एक प्रमुख कविता है ‘बाबा और बाबा की छडी’।

‘बाबा और बाबा की छडी’ एक सोद्देश्य और सरल कविता है। इसमें एक बच्चे के नजरिए से बाबा और उनकी छड़ी के बारे में बताया गया है। कवि कहते हैं कि बाबा और बाबा की छडी हमेशा साथ-साथ चलते हैं। पहले बाबा कहता है कि, चल हम बाहर चलते हैं। फिर बाबा बिस्तर पर लेटी हुई अपने साथी को (छडी को) उठाकर बाहर चलते हैं। छडी भी बाबा का हाथ पकडकर उसको बाहर ले जाने की मदद करती है। इस तरह हमेशा दोनों आपस में साथ देकर आगे जाते हैं।

ഗുൽസാർ എന്ന പേരിൽ പ്രസിദ്ധനായ സംപൂർണ സിംഗ് ഹിന്ദി സിനിമാ രംഗത്തെ പ്രസിദ്ധനായ സംഗീതജ്ഞനാണ്. ഇത് കൂടാതെ അദ്ദേഹം കവി, തിരക്കഥാകൃത്ത്, സിനിമാസംവിധായകൻ, നാടകപ വർത്തകൻ ഉർദു ഭാഷാ കവി എന്നീ നിലകളിൽ പ്രശസ്തനാണ്. പ്രധാനമായും അദ്ദേഹത്തിന്റെ രചനകൾ ഹിന്ദി, ഉർദു, പഞ്ചാബി എന്നീ ഭാഷകളിലാണ്. അദ്ദേഹത്തിന്റെ ഒരു പ്രമുഖ കവിതയാണ് ‘बाबा और बाबा की छडी’.

‘बाबा और बाबा की छडी’ സോദ്ദേശ്യപരവും, സരളവുമായ കവിതയാണ്. ഇതിൽ ഒരു കുട്ടിയുടെ കാഴ്ചപ്പാടിലാണ് ബാബയെ കുറിച്ചും ബാബയുടെ ഊന്നുവടിയെക്കുറിച്ചും പറഞ്ഞിരിക്കുന്നത്.ബാബ യും ബാബയുടെ ഊന്നുവടിയും എപ്പോഴും ഒരുമിച്ചാണ് സഞ്ചരിക്കുന്നത്. പുറത്തേയ്ക്ക് പോകാം എന്ന് ബാബ പറയുന്നു. പിന്നീട് കിടക്കയിൽ വിശ്രമിക്കുന്ന തന്റെ സുഹൃത്തിനെ (ഊന്നുവടി യും എടുത്ത് പുറത്തേയ്ക്ക് പോകുന്നു. ഊന്നുവടിയും ബാബയുടെ കൈ പിടിച്ച് അദ്ദേഹത്തെ പ റത്തേയ്ക്ക് പോകാൻ സഹായിക്കുന്നു. ഇപ്രകാരം രണ്ടുപേരും ഒരുമിച്ച് മുന്നോട്ട് പോകുന്നു.

(छडी भगा देती है …………………… नये-नये पेडों पर) (Page 18, TB)

बाबा और बाबा की छडी हमेशा साथ-साथ चलते हैं। अगर गल का कोई कुत्ता भौंके तो छडी उसे भगा देती है। वे दोनों बाग तक जाते हैं। चलते-चलते अगर बाबा थक जाए तो अक्सर छडी पर माथा टेककर बेंच पर बैठ जाता है। नए पेडों और उनपर खिले फूलों को छडी बाबा को दिखा देती है । यहाँ ‘नये’ और ‘नये पेड’ को प्रतीक बनाकर मानव जीवन में आनेवाले नयेपन को परिवर्तनों को, नए अनुभवों को और जीवन की उमंगों को हमारे सामने दर्शाता है।

ബാബയും ബാബയുടെ ഊന്നുവടിയും എപ്പോഴും ഒരുമിച്ചാണ് സഞ്ചരിക്കുന്നത്. നടക്കുന്നതിനിടയിൽ
ഏതെങ്കിലും പട്ടി കുരച്ചാൽ ഊന്നുവടി അതിനെ ഓടിക്കും. അവർ രണ്ടുപേരും പൂന്തോട്ടം വരെ നടന്നുപോകും. നടന്ന് നടന്ന് ക്ഷീണിച്ചാൽ ബാബ തന്റെ ഊന്നുവടിയിൽ തലവെച്ച് ബെഞ്ചിൽ ഇരിക്കും. പുതിയ മരങ്ങളെയും, അതിൽ വിരിഞ്ഞ പുതിയ പൂക്കളെയും ഊന്നുവടി ബാബയ്ക്ക് കാണിച്ചുകൊടുക്കും. ഇവിടെ ‘പുതിയ പൂവ്’, ‘പുതിയ മരം’ എന്നിവ പ്രതീകങ്ങളായാണ് ഉപയോഗിച്ചിരിക്കുന്നത്. മനുഷ്യജീവിതത്തിൽ ഉണ്ടാകാൻ പോകുന്ന പുതുമയെയും മാറ്റങ്ങളെ യും, പുതിയ അനുഭവങ്ങളെയും, ജീവിതത്തിന്റെ പുതിയ പ്രതീക്ഷകളെയുമാണ് കവി ഇത് കൊണ്ട് ഉദ്ദേശിക്കുന്നത്.

(एक कदम ……………. बाबा की छडी !! ) (Page 18, 19 TB)

बाबा और बाबा की छडी हमेशा साथ-साथ चलते हैं। जीवन के एक-एक कदम में वे दोनों साथ हैं। दोनों का रिश्ता भी पक्का है। इन दोनों में से कोई अकेला नही चल सकता। अगर बाबा का हाथ छूटे तो बाबा औरछडी दोनों गिर जाते हैं। यहाँ एक जवान है, एक बूढ़ा है। एक व्यक्ति को आगे चलाने में एक अनुभवी व्यक्ति की जरूरत पर यहाँ जोर दिया गया है। यहाँ बाबा और बाबा की छडी के माध्यम से बुढ़ापे में सहारा देने की, आपसी रिश्तों में समर्पण भावना रखने की शिक्षा मिलती है।
ബാബയും, ബാബയുടെ ഊന്നുവടിയും എപ്പോഴും ഒരുമിച്ചാണ് സഞ്ചരിക്കുന്നത്. ജീവിതത്തിന്റെ ഓരോ ചുവടുവെയ്പ്പിലും അവർ രണ്ടുപേരും ഒരുമിച്ചാണ്. രണ്ടുപേരുടെയും ബന്ധം ഉറച്ചതാണ്. രണ്ടുപേരിൽ ആർക്കും ഒറ്റക്ക് സഞ്ചരിക്കാൻ സാധിക്കില്ല. കൈ വിട്ടുപോയാൽ ബാബയും, ഊന്നുവടിയും രണ്ടുപേരും താഴെ വീണുപോകും. ഇവിടെ ഒരാൾ യുവാവണ്, ഒരാൾ വൃദ്ധനും. ഒരു വ്യക്തിയെ മുന്നോട്ട് നയിക്കുന്നതിൽ ഒരു അനുഭവസമ്പന്നനായ വ്യക്തിയുടെ സാന്നിദ്ധ്യത്തിന്റെ ആവശ്യകത യിലാണ് ഇവിടെ ഊന്നൽ നൽകിയിരിക്കുന്നത്. ബാബയും ബാബയുടെ ഊന്നുവടിയും വാർദ്ധക്യത്തിൽ ആശ്രയമാകേണ്ടതിന്റെ പരസ്പരബന്ധത്തിൽ സമർപ്പണ മനോഭാവം പുലർത്ത ണ്ടതിന്റെ പാഠമാണ് നമുക്ക് ലഭിക്കുന്നത്.

बाबा और बाबा की छड़ी Poem कवि परिचय

कविता (गुलज़ार)
गुलज़ार
बाबा और बाबा की छड़ी Poem Class 8 Question Answer Notes Summary in Malayalam 4
गुलज़ार का जन्म पंजाब के झेलम जिले के दीना गाँव में 18 अगस्त 1934 को हुआ था। गुलज़ार नाम से प्रसिद्ध संपूर्ण सिंह हिन्दी फिल्मों के प्रसिद्ध गीतकार हैं। इसके अतिरिक्त आप कवि, पटकथाकार, फिल्म निर्देशक, नाटककार तथा प्रसिद्ध शायर भी हैं। उनकी रचनाएँ मुख्यत: हिंदी, उर्दू तथा पंजाबी में हैं। वे वर्ष 2002 में साहित्य अकादमी पुरस्कार और वर्ष 2004 में भारत सरकार द्वारा दिए जाने वाले पद्मभूषण से सम्मानित हुए। ‘चौरस रात’ (लघु कथा संग्रह), ‘जानम’ (कविता संग्रह), ‘एक बूँद चाँद’ (कविता संग्रह), ‘रावी पार’ (कथा संग्रह) आदि उनकी प्रसिद्ध रचनाएँ हैं।

പഞ്ചാബിലെ ഝലം ജില്ലയിലെ ദീനാ ഗ്രാമത്തിൽ 1934 ആഗസ്റ്റ് 18 നാണ് ഗുൽസാർ ജനിച്ചത്. ഗുൽസാർ എന്ന പേരിൽ പ്രസിദ്ധനായ സംപൂർണ സിംഗ് ഹിന്ദി സിനിമാ രംഗത്തെ പ്രസിദ്ധനായ സംഗീതജ്ഞനാണ്. ഇദ്ദേഹം കവി, തിരക്കഥാകൃത്ത്, സിനിമാസംവിധായകൻ, നാടകപ്രവർത്തകൻ, ഉർദു ഭാഷാ കവി എന്നീ നിലകളിൽ പ്രശസ്തനാണ്. പ്രധാനമായും അദ്ദേഹത്തിന്റെ രചനകൾ ഹിന്ദി, ഉർദു, പഞ്ചാബി എന്നീ ഭാഷകളിലാണ്. അദ്ദേഹത്തിനു 2002 ൽ സാഹിത്യ അക്കാദമി പുരസ്കാരവും 2004 ൽ പത്മഭൂഷൺ പുരസ്കാരവും നൽകി ആദരിച്ചിട്ടുണ്ട്. ‘चौरस रात’ (ചെറുകഥാ സമാഹാരം ‘जानम’ (കവിതാ സമാഹാരം), ‘एक बूँद चाँद’ (കവിതാസമാഹാരം), ‘रावी पार’ (കഥാസമാഹാരം) എന്നിവ അദ്ദേഹത്തിന്റെ പ്രസിദ്ധ രചനകളാണ്.

बाबा और बाबा की छड़ी Poem Class 8 Question Answer Notes Summary in Malayalam

बाबा और बाबा की छड़ी शब्दार्थ

मदद ले :
बाबा – വൃദ്ധനായ വ്യക്തി
छडी ഊന്ന് വടി, walking stick
साथ-साथ – ഒരുമിച്ച്.
चलते हैं – നടക്കുന്നു
दोनों – രണ്ടുപേരും.
बाहर – പുറത്ത്, വെളിയിൽ
उठा लेना – കൈയിലെടുക്കുക
बिस्तर – കിടക്ക.
लेटना – കിടക്കുക
हाथ – കൈ
पकडकर – പിടിച്ചിട്ട്
भगा देना – ഓടിക്കുക
गली – തെരുവ്
कुत्ता – പട്ടി
भौंकना – കുരയ്ക്കുക
बाग तक – പൂന്തോട്ടം വരെ
थक जाना – ക്ഷീണിക്കുക
अक्सर – പലപ്പോഴും, Always, often
माथा – നെറ്റിത്തടം
टेकना – വെയ്ക്കുക
पे – पर മുകളിൽ
बेंच – ബെഞ്ച്
उठना – എഴുന്നേൽക്കുക
दिखाना – കാണിച്ചുകൊടുക്കുക
नया-नया – പുതിയ പുതിയ
बौर – മാമ്പൂവ്, മരങ്ങളിടുന്ന ആദ്യത്തെ പൂവ്
पेड – മരം
कदम – ചുവട്
अकेला – ഒറ്റയ്ക്ക്
हाथ – കൈ
छूटना – വിട്ടുപോകുക
गिर पड़ना – വീഴുക
इक – एक, ഒന്ന്,
जवान – യുവാവ്, Javan
बूढ़ा – വൃദ്ധൻ

Leave a Comment