Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ

You can Download ठाकुर का कुआँ Questions and Answers, Summary, Activity, Notes, Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 help you to revise complete Syllabus and score more marks in your examinations.

Kerala State Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ (कहानी)

ठाकुर का कुआँ Text Book Questions and Answers

ठाकुर का कुआँ विश्लेषणात्मक प्रश्न

Thakur Ka Kuan Questions and Answers in Hindi प्रश्ना 1.
‘ठाकुर के कुएँ पर कौन चढ़ने देगा?’ -गंगी क्यों इस प्रकार सोचती है?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 1
उत्तर:
यहाँ जाति-पाँति की ओर संकेत है। जाति-पाँति एक विकट समस्या है। जाति-पाँति के कारण कुछ लोगों को अछूत समझे जाते हैं। ठाकुर ऊँची जाति के हैं। निम्न जाति के लोगों को उनके कुएँ से पानी भरने की अनुमति नहीं थी। जाति के कारण उत्पन्न गंगी की विवशता यहाँ स्पष्ट होती है।

Thakur Ka Kuan Questions and Answers प्रश्ना 2.
‘मैदानी बहादुरी का तो अब न ज़माना रहा है न मौका। कानूनी बहादुरी की बातें हो रही हैं।’ -इसका मतलब है?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 2
उत्तर:
पहले शारीरिक शक्ति के बल पर समाज के ऊँचे लोग अपना कार्य किया करते थे। लेकिन अब वे सिफारिश के बल पर कानून को अपने अनुकूल बना लेते हैं। कानूनमुकदमे के ज़रिए गरीबों को परास्त करते हैं। यही इस कथन का मतलब है।

ठाकुर का कुआँ Summary in Hindi प्रश्ना 3.
‘गंगी दबे पाँव कुएँ की जगत पर चढ़ी, विजय का ऐसा अनुभव उसे पहले न हुआ था।’ – गंगी को ऐसा अनुभव क्यों हुआ होगा?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 3
उत्तर:
गंगी का मन सामाजिक रीति-रिवाज़ों के विरुद्ध संघर्ष करनेवाला है। चुपके से सही, वह उच्च वर्ग के लोगों को परास्त करना चाहती है। शुद्ध पानी की ज़रूरत अब उसकी विवशता है। अब सारी बाधाओं को तोड़कर वह पानी भरने जा रही है। उसके विचार में यह उच्च वर्ग के लोगों के ऊपर उसका विजय है।

HSSLive.Guru

प्रश्ना 4.
‘शेर का मुँह इससे भयानक न होगा’ -यहाँ ठाकुर के दरवाज़े की तुलना शेर के मुँह से क्यों की गई है?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 4
उत्तर:
शेर एक खूखार जानवर है। इसके मुँह के सामने पड़नेवालों को बचने की उम्मीद नहीं। इसी प्रकार ठाकुर का घर भी गंगी जैसे लोगों के लिए डरावना जगह है। ठाकुर के सामने पड़ने पर बचना मुश्किल है। इसलिए ऐसी तुलना की गई है।

ठाकुर का कुआँ Text Book Activities & Answers

ठाकुर का कुआँ अभ्यास के प्रश्न

प्रश्ना 5.
ये प्रसंग देखें
i. गंगी क्या जवाब देती, किंतु वह बदबूदार पानी पीने को न दिया।
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 5
ii. उसने घटा और रस्सी उठा ली और झुककर चलती हुई एक वृक्ष के अंधेरे छाए में जा खड़ी हुई।
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 6
iii. ठाकुर ‘कौन है, कौन है?’ पुकारते हुए कुएँ की तरफ़ आ रहे थे और गंगी जगत से कूदकर भागी जा रही थी।’
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 7
iv. इन व्यवहारों से गंगी के कौन-कौन से मनोभाव प्रकट होते हैं?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 8
उत्तर:

व्यवहार व्यवहार
1. गंगी क्या जवाब देती, किंतु वह बदबूदारपानी पीने को न दिया। 1. विवशता में भी पति के स्वास्थ्य को सहीरखने का मनोभाव।
2. उसने घटा और रस्सी उठा ली और झुककर चलती हुई एक वृक्ष के अंधेरे छाए में जा खड़ी हुई। 2. सामाजिक पाबंदियों को तोडकर पति की ज़रूरत को निभाने का मनोभाव।
3. ठाकुर ‘कौन है, कौन है?’ पुकारते हुए कुएँ की तरफ़ आ रहे थे और गंगी जगत से कूदकर भागी जा रही थी।’ 3. मन में सामाजिक कुरीतियों के प्रति विद्रोह होने पर भी परिस्थितियों में असहाय होने की भावना।

प्रेमचंद की कहानी ठाकुर का कुआँ का सारांश प्रश्ना 6.
गंगी के ये विचार पढ़ें।
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 9
i. ठाकुर के कुएँ पर कौन चढ़ने देगा? दूर से लोग डॉट बताएँगे।
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 10
ii. हम क्यों नीच है और ये लोग क्यों ऊँच है? इसलिए कि ये गले में ताग डाल देते हैं। यहाँ तो जितने हैं एक-से-एक छंटे हैं।
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 11
iii. इन विचारों में गंगी के कौन-कौन से दृष्टिकोण प्रकट होते हैं?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 12
उत्तर:

विचार दृष्टिकोण
1. ठाकुर के कुएँ पर कौन चढ़ने देगा? दूर से लोग डाँट बताएँगे। 1. सामाजिक पाबंदियों के विरुद्ध विद्रोह एवं अपनी विवशता।
2. कितनी होशियारी से ठाकुर ने थानेदार को एक खास मुकदमे में रिश्वत दी और साफ निकल आए। कितनी अक्लमंदी से एक मार्के की मुकदमे की नकल ले आए।  2. यह दृष्टिकोण कि कानूनी व्यवस्था उच्च कहे जानेवाले लोगों के अनुकूल काम करती हैं।
3. हम क्यों नीच है और ये लोग क्यों ऊँच है? इसलिए कि ये गले में ताग डाल देते |  यहाँ तो जितने हैं एक-से-एक छंटे हैं। 3. उँच-नीच की भावनाओं को तोड़कर एक मन से काम करने से ही सामाजिक उन्नति संभव है।

ठाकुर का कुआँ विधात्मक प्रश्न

Thakur Ka Kuan प्रश्ना 1.
गंगी के चरित्र पर टिप्पणी लिखें।
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 13
उत्तर:
गंगी : रिवाज़ी पाबंदियों पर विद्रोह की आवाज़
गंगी प्रेमचंद की की विख्यात कहानी ‘ठाकुर का कुआँ’ की पात्र है। वह एक साधारण गृहिणी है। गरीब परिवार की सदस्या है। जाति से निम्न वर्ग की है। वह कई प्रकार की सामाजिक कुरीतियों की शिकार है। पति बीमार है। वह पानी के लिए तरसता है। लेकिन पीने के लिए केवल बदबूदार पानी है। यह पानी पिलाने को गंगी तैयार नहीं है। वह सारी पाबंदियों को तोड़कर, ठाकुर के कुएँ से पानी भर लाने का साहस करती है। रात के अंधेरे में वह पानी लेने जाती है। उसकी चिंताएँ उसके मन के विद्रोह को व्यक्त करी हैं। अंत में वह कुएँ के जगत तक आ जाती है। उस समय उसका मन एक विजेता जैसा अनुभव करता है। लेकिन
परिस्थितियाँ उलटती हैं, ठाकुर जग जाते हैं और गंगी को विवश भागना पड़ता है। गंगी एक ही समय परिस्थितियों से विवश औरत, विद्रोह मन रखनेवाली नारी एवं षांत के प्रति प्यार रखनेवाली गृहिणी आदि का प्रतिनिधित्व करती है।

HSSLive.Guru

Thakur Ka Kuan Summary in Hindi प्रश्ना 2.
‘जाति प्रथा एक अभिशाप है’ – विषय पर आलेख तैयार करें और संगोष्ठी चलाएँ।
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 14
उत्तर:
जाति प्रथा : एक सामाजिक अभिशाप
जाति प्रथा समाज की एक विकट समस्या है। इसके कारण समाज में असमानता,एकाधिकार, विद्वेष आदि दोष उत्पन्न हो जाते हैं। जाति प्रथा की सबसे बड़ा दोष छुआछूत की भावना है। इसके कारण संकीर्णता की भावना का प्रसार होता है और सामाजिक राष्ट्रीय एकता में बाधा आती है।

जाति के नाम पर निम्न वर्ग के लोगों को कई प्रकार की यातनाएँ सहनी पड़ती हैं। उन्हें अपनी जिंदगी स्वतंत्र रूप से जीने में बाधा होती है। आम जगहों को इस्तेमाल करने से उनके लिए पाबंदी है। निम्न वर्ग के लोगों से छुआ पानी पीना, उनका बना भोजन खाना, रास्ते में दूसरों के सामने पड़ना आदि बातों को बुरा समझा जाता है।

कई लोगों ने जाति प्रथा को समाप्त करने की बात की। भारत संविधान में जाति के आधार पर अवसर में भेदभाव करने पर रोक भी लगाई है। पिछली कई सदियों से पिछड़ी रही कई जातियों के उत्थान के लिए आरक्षण की व्यवस्था की गई। निम्न वर्ग के लोगों को इससे कई फायदा हुए। लेकिन जहाँ जाति व्यवस्था कायम है वहाँ नीच जाति वालों को एक तरह से आरक्षण के नाम पर उनकी नीचता की याद दिलाई जा रही है। असल में आरक्षण जहाँ पिछड़ी जातियों को अवसर दे रहा है, वहीं वे उन्हें ये एहसास भी याद करवाता है कि वे उपेक्षित हैं।

कानूनी रोकथाम, शिक्षा में हुई उन्नति आदि के कारण इस कट्टरपन में थोड़ी सी कमी ज़रूर आई। लेकिन जाति प्रथा नए रूपों में वर्तमान है। विश्वविद्यालयों, शासक वर्गों, राजनीतिज्ञों आदि के बीच आज भी यह नए-नए रूप धरकर मौजूद है। अगर हम इसे सफल रूप से रोक न पाएँ तो हमारी सामाजिक उन्नति संभव नहीं होगी।

ठाकुर का कुआँ Orakkum Questions and Answers

गतिविधि -1

सुचनाः कहानी का यह अंश पढ़े और अनुबद्ध प्रश्नों के उत्तर लिखें।
गंगी ने क्षणिक सुख को साँस ली। किसी तरह मैदान तो साफ हुआ। अमृत चुरा लाने के लिए जो राजकुमार किसी ज़माने में गया था, वह भी शायद इतनी सावधानी के साथ और समझ-बूझकर न गया हो। गंगी दबे पाँव कुएँ की जगत पर चढ़ी, विजय का ऐसा अनुभव उसे पहले न हुआ था।

Thakur Ki Kahani प्रश्ना 1.
यहाँ गंगी का मानसिक विजय किसके ऊपर है?
उत्तर:
जाति – प्रथा

प्रश्ना 2.
‘जाति प्रथा एक अभिशाप हैं – विषय पर संगोष्ठी होनेवाला हैं। इस केलिए एक पोस्टर तैयार करें।
उत्तर:
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 15

ठाकुर का कुआँ SCERT Questions and Answers

गतिविधि -1

सूचना : ‘ठाकूर का कुआँ’ कहानी का यह अंश पढें और अनुबद्ध प्रश्नों के उत्तर लिखें।
उसने रस्सी का फंदा घडे में डाला। दाएँ-बाएँ चौकन्निदृष्टि से देखा जैसे कोई सिपाही रात को शत्र के किले में सुराख कर रहा हो। अगर इस समय वह पकड़ ली गई, तो फिर
उसके लिए माफी या रियायत की रात्री भर उम्मीद नहीं।

केरल में जाति प्रथा प्रश्ना 1.
गंगी की सावधानी को प्रकट करनेवाले वाक्य चुनकर लिखें।
उत्तर:
दाँए-बाएँ चौकन्नि दृष्टि से देखा जैसे कोई सिपाही रात को शत्रु के किले में सुराख कर रहा हो।

HSSLive.Guru

Thakur Ka Kuwa प्रश्ना 2.
गंगी के चरित्र पर टिप्पणी लिखें।
उत्तर:
गंगी
गंगी प्रेमचंद की कहानी ‘ठाकूर का कुआँ’ का प्रमुख पात्र हैं। वह जाति – प्रथा से त्रस्त समाज की प्रतिनिधि हैं। कहानी के आंरभ में वह पति को पीने का पानी देती हैं। लेकिन पानी पीने का योग्य नहीं था, उस में सख् बदबू थी। दूर के कुएँ से वह रोज़ शाम को पानी भर लाती थी। कल वह पानी लाई थी तो उस में बदबुन थी। पति जोखू बीमार था वह प्यास रोक न सकने पर खराब पानी पीने को तैयार हो गया। लेकिन गंगी न पानी देती। वह जानती थी कि खराब पानी पीने से पति का बीमार पढ़ जाएगा। जाति-प्रथा ज़ोरों में था। निम्न जाति होने के कारण ठाकुर या साहूकार के कुएँ से वह पानी न भर सकती। जाति प्रथा के बारे में सोचते समय हम गंगी में एक विद्रोही का मन देखते हैं। उसकी शंका यह थी कि वह क्यों नीच हैं? और ये लोग क्यों ऊँचे हैं? कहते है जाति से ऊँच पर निम्न बातें करते हैं। ऐसे सोचकर बडी सावधानी से कुएँ की और चली। देवताओं को याद करके उसने घड़ा कुएँ में डाला। घड़े को पकड़कर जगत पर रखने वह झुकी कि एकाएक ठाकुर का दरवाज़ा खुल गया। गंगी का धैर्य टूट गया और उसके हाथ से रस्सी टूट गयी। रस्सी के साथ घडा पानी में गिर गया। कौन है कौन है पुकारते ठाकुर कुएँ की ओर आने लगे। इसी समय गंगी जगत से कूदकर भागी। इस प्रकार पति के स्वास्थ्य के बारे में सोचनेवाली धीर और जाति-प्रथा को घृणा करनेवानी नारी है – गंगी।

गतिविधि – 2

सूचना : ‘ठाकुर का कुआँ’ कहानी का यह अंश पढ़े और अनुबद्ध प्रश्नों के उत्तर लिखें।
बोली – “यह पानी कैसे पिओगे? न जाने कौन जानवर मरा हैं। कुएँ से मैं दूसरा पानी लाए देती हूँ।”
जोखू ने आश्चर्य से उसकी ओर देखा – “पानी कहाँ से लाएगी?”
“ठाकुर और साहू के दो कुएँ तो हैं। क्या एक लोटा पानी न भरने देंगे?”
“हाथ-पाँव तुड़वा आएगी और कुछ न होगा।”

प्रश्ना 1.
‘गंगी’ के बदले ‘जोखू’ का प्रयोग करके वाक्य बदलकर लिखें।
गंगी पानी लाएगी।
उत्तर:
जोखू पानी लाएगा।

प्रश्ना 2.
‘हाथ-पाँव तुड़वा आएगी और कुछ न होगा।’ इस कथन पर आपका विचार क्या हैं?
उत्तर:
जाति प्रथा एक अभिशाप हैं। ऊँच जाति निम्न जाति से कई प्रकार के क्रूर व्यवहार करते हैं। निम्न जाति ऊँच जाति के कुएँ से पानी लेना मना हैं।

प्रश्ना 3.
कहानी के अंश के आधार पर पटकथा का एक दृश्य लिखें।
उत्तर:
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 16

गतिविधि – 3

सूचना : ‘ठाकुर का कुआँ’ कहानी का यह अंश पढ़े और अनुबद्ध प्रश्नों के उत्तर लिखें।
गंगी के हाथ से रस्सी छूट गई। रस्सी के साथ घडा धड़ाम से पानी में गिरा और कई क्षण तक पानी में हिलकोरें की आवाजें सुनाई देती रही। ठाकुर ‘कौन है, कौन है?’ पुकारते हुए कुएँ की तरफ आ रहे थे और गंगी जगत से कूदकर भागी जा रही थी। घर पहुँचकर देखा कि जोखू लोटा मुँह से लगाए वही मैला – गंदा पानी पी रहा है।

प्रश्ना 1.
मान लें, भागी आई गंगी ने देखा कि जोखू लोटे का गंदा पानी पी रहा हैं। इस प्रसंग पर दोनों के बीच का संभावित वार्तालप लिखें।
उत्तर:
गंगी : अरे यह आप क्या कर रहे हैं?
जोखू : आ गयी! घडे भर पानी मिला?
गंगी : नहीं
जोखू : मैं ने पहले ही बताया है न? मुझे मालूम था कि नहीं मिलेगा।
गंगी : कुएँ के पास कोई नहीं था। इसलिए सीधे वहाँ पहुँची। पर
जोखू : क्या हुआ?
गंगी : दो लौडियाँ पानी भरने आई। उनके चले जाने तक वृक्ष की छाया में जा खडी हुई।
जोखू : उन्होने तुझे देखा क्या?
गंगी : वे चले जाने के बाद कुएँ के जगह मैं पहूँची। ठाकुर दरवाज़ा बंद करने के बाद पानी भरा और घड़े को पकड़कर जगत पर रखा। तब ठाकुर का दरवाज़ा खुल गया।
जोख : त ने क्या किया?
गंगी : भय से हाथ से रस्सी छूट गयी। रस्सी के साथ घडा धड़ाम से पानी में गिरा। पानी में हिलकोरे की आवाज़ सुनकर ठाकुर कौन है – कौन है पुकारते आये।”
जोखू : फिर!
गंगी : तब मैं जगत से कूदकर भागी।
जोखू : हमें शुद्ध पानी पीने का अवकाश नहीं।

HSSLive.Guru

प्रश्ना 2.
‘गंगी जगत से कूदकर भागी जा रही थी।’ – इस में भागी जा रही थी’ क्रिया का सीधा संबंध वाक्य के किस शब्द से है? (जगत, गंगी, कूदकर)
उत्तर:
गंगी।

प्रश्ना 3.
‘गिरा’ क्रिया के स्थान पर कोष्ठक के किस रूप रखकर सही वाक्य बना सकता हैं?
उत्तर:
घड़ा धड़ाम से पानी में गिरा। उः घड़ा धड़ाम से पानी में गिरेगा।

गतिविधि – 4

प्रश्ना 1.
संबंध पहचानें, सही मिलान करें।

उसने गला मज़बूत किया ।  कि हम ऊँचे हैं, हम ऊँचे।
गली-गली चिल्लाते नहीं तो उसमें बू बिलकुल न थी।
किसीके लिए रोक नहीं | और घड़ा कएँ में डाल दिया।
कल वह पानी लाई। सिर्फ यह बदनसीब नहीं भर सकते।

उत्तर:

उसने गला मज़बूत किया । और घड़ा कुएँ में डाल दिया।
गली-गली चिल्लाते नहीं  कि हम ऊँचे हैं, हम ऊँचे।
किसीके लिए रोक नहीं | सिर्फ यह बदनसीब नहीं भर सकते।
कल वह पानी लाई। तो उसमें बू बिलकुल न थी।।

प्रश्ना 2.
संबंध पहचानें, सही मिलान करें।

स्त्री “यह पानी कैसे पिओगे?”
गंगी। ‘कौन है, कौन है?”
ठाकुर  “पानी कहाँ से लाएगी?”
जोखू । “मत लजाओ दीदी।”

उत्तर:

स्त्री “मत लजाओ दीदी।”
गंगी।  “यह पानी कैसे पिओगे?
ठाकुर “कौन है, कौन है?”
जोखू ।  “पानी कहाँ से लाएगी”?

ठाकुर का कुआँ Additional Questions and Answers

ठाकुर का कुआँ आशयग्रहण के प्रश्न

प्रश्ना 1.
‘कुआँ दूर था। बार-बार जाना मुश्किल था।’ यहाँ गंगी की कौन-सी विवशता प्रकट होती है?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 17
उत्तर:
यहाँ गंगी की गरीबी का चित्र उभर आता है। गरीबी के कारण उन्हें अपना कुआँ नहीं है। गाँव के अन्य दो ही कुओं से पानी लेना पड़ता है। वे कुएँ घर से बहुत दूर भी थे।

प्रश्ना 2.
‘खराब पानी से बीमारी बढ़ जाएगी, इतना जानती थी। परंतु यह न जानती थी कि पानी को उबाल लेने से उसकी खराबी जाती रहती है।’ -इससे कौन-सी सामाजिक वास्तविकता प्रकट होती है?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 18
उत्तर:
यहाँ गंगी की अशिक्षा का संकेत है। निम्न और गरीब लोग शिक्षा से भी वंचित रह जाते हैं। इसलिए उनमें अनजानी, अंधविश्वास आदि भी देखे जाते हैं। यह सामाजिक वास्तविकता यहाँ प्रकट होती है।

प्रश्ना 3.
‘ब्राह्मण देवता आशीर्वाद देंगे, ठाकूर लाठी मारेंगे, साहूजी एक के पाँच लेंगे। गरीबों का दर्द कौन समझता है?’ -जोखू के इस कथन का मतलब क्या है?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 19
उत्तर:
समाज में गरीब लोग सभी प्रकार के शोषण के शिकार है। चाहे ब्राह्मण हो, ठाकुर हो, साहुकार हो सब गरीबों को लुटा रहे हैं। गरीबों के दुख-दर्द को समझनेवाले कोई नहीं है। कोई सहायता देनेवाले भी नहीं हैं। ये सारी बातें जोखू के कथन से स्पष्ट होती हैं।

HSSLive.Guru

प्रश्ना 4.
‘गंगी का विद्रोही दिल रिवाज़ी पाबंदियों और मज़बूरियों पर चोटें करने लगा।’ -यहाँ प्रस्तुत रिवाज़ी पाबंदी और मज़बूरी क्या-क्या हैं?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 20
उत्तर:
जाति के नाम पर समाज में बड़ा अलगाव था। निम्न कहे जानेवाले लोगों से छुआ पानी पीना, भोजन खाना, कुएँ से पानी भरना, रास्ते में उनसे मिलना आदि बातों में पाबंदी थी। निम्न वर्ग के लोग ये सब सहकर जीने को विवश थे। उच्च वर्ग के लोगों के हितानुसार अपनी ज़िंदगी की प्राथमिकताओं को तय करने के लिए भी वे विवश थे।

प्रश्ना 5.
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 21
उत्तर:
ये लोग ऊँचे क्यों हैं? चोरी ये करते हैं, जाल-फ़रेब ये करें, जूठे मुकदमे ये करें। साहुजी मिलावाट के सामान बेचते हैं। बारहों मास जुआ ये खेलते हैं। काम पर मजूरी नहीं देते हैं। गरीब नारियों को रस भरी आँखों से देखते हैं।

प्रश्ना 6.
‘हम लोगों को आराम से बैठे देखकर जैसे मरदों को जलन होती है।’ -यहाँ किस सामाजिक स्थिति की ओर संकेत है?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 22
उत्तर:
यह एक अलिखित कानून है कि औरतें घरेलू काम के लिए हैं। खाना बनाना, बर्तन मांजना, पानी भरना, कपड़ा धोना, बच्चों को पालना आदि बातों में उनकी जिंदगी फँसी रहती हैं। अगर कभी इसमें कोई चूक होती है तो पिटने तक नौबत आती है। मर्द चाहे आराम करें, लेकिन औरतों को आराम करने का हक नहीं है। यह विकट स्थिति यहाँ व्यक्त होती है।

ठाकुर का कुआँ Summary in Malayalam and Translation

Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 23
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 24
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 25
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 26
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 27
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 28
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 29
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 30

ठाकुर का कुआँ शब्दार्थ

Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 31
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 32
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 2 ठाकुर का कुआँ 33

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal

Students can Download Adisthana Padavali Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthuka Questions and Answers, Summary, Notes Pdf, Activity, Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions helps you to revise the complete Kerala State Syllabus and score more marks in your examinations.

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Guide Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal

Ammayude Ezhuthukal Questions and Answers, Summary, Notes

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 1

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 2
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 3

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 4
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 5
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 6

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 7
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 8
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 9
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 10
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 11

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 12
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 13
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 14
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 15

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 16
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 17
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 18
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 19

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 20
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 21
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 22
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 23

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 24
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 25
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 26
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 3 Chapter 3 Ammayude Ezhuthukal 27

Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद

You can Download अकाल और उसके बाद Questions and Answers, Summary, Activity, Notes, Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 help you to revise complete Syllabus and score more marks in your examinations.

Kerala State Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद (कविता)

अकाल और उसके बाद Text Book Activities & Answers

अकाल और उसके बाद विश्लेषणात्मक प्रश्न

i. पढ़ें और चर्चा करें

Akal Aur Uske Baad Summary in Hindi प्रश्ना 1.
कई दिनों तक चूल्हा रोया, चक्की रही उदास
कई दिनों तक कानी कुतिया सोई उनके पास
चूल्हे का रोना और चक्की का उदास होना- इसका मतलब क्या है?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 1
उत्तर:
इससे कवि यह बताना चाहते हैं कि घर में खाद्य वस्तुओं का बिलकुल अभाव है। कई दिनों इन दोनों का कोई इस्तेमाल नहीं हुआ है।

अकाल प्रश्ना 2.
कई दिनों तक लगी भीत पर छिपकलियों की गश्त
कई दिनों तक चूहों की भी हालत रही शिकस्त
ये पंक्तियाँ किस हालत की ओर इशारा करती हैं?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 2
उत्तर:
घर में कई दिनों से खाने की चीजें नहीं हैं। जहाँ खाना नहीं होगा वहाँ दीप जलाने के लिए तेल की भी संभावना नहीं। तो वहाँ छोटे कीड़ों का होना असंभव है। इससे छिपकली परेशान है। इसलिए वे कीड़ों को तलाशते हुए दीवार पर घूम रहे हैं। घर में कोई खाद्य वस्तु नहीं है। इससे चूहे भी हार गए हैं।

HSSLive.Guru

Akal Aur Uske Baad Poem Meaning in Hindi प्रश्ना 3.
दाने आए घर के अंदर कई दिनों के बाद
धुआँ उठा आँगन से ऊपर कई दिनों के बाद
इन पंक्तियों से कवि क्या कहना चाहता है?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 3
उत्तर:
अकाल के बाद के दिनों का चित्रण कवि ने इन पंक्तियों द्वारा किया है। अकाल के बाद घर में दाने आने पर घर के आँगन से ऊपर धुआँ उठता है। मतलब चूल्हा जलने लगा है। यह घर में खाने पकाने की ओर इशारा करता है।

प्रश्ना 4.
कवि ने अकाल का चित्रण किस प्रकार किया है? चर्चा करें।
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 4
अकाल:
i. चूल्हे का रोना
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 5
ii. भीत पर छिपकलियों की गश्त
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 6
iii. चक्की का उदास रहना
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 7
iv. शिकस्त हालत वाले चूहे
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 8
उत्तर:
अकाल के भीइषण समय में चूल्हे रो रहे हैं। घर की दीवारों पर छिपकलियाँ खाना न मिलने की वजह से विवश होकर घूम रहे हैं। चक्की उदास है, मतलब कई दिनों से उसका कोई उपयोग नहीं है। चूहे पराजित-सा हो गए हैं। क्योंकि घर में दाने का अभाव ने उनके पेट भरने की आशा को निराशा बना दिया है।

उसके बाद प्रश्ना 5.
कवि ने अकाल के बाद के हालत का चित्रण किस प्रकार किया है? चर्चा करें।
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 9
अकाल के बाद:
i. घर के अंदर दाने का आना
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 10
ii. घर भर की आँखों का चमक उठना
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 11
iii. आँगन के ऊपर धुएँ का उठना
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 12
iv. कौए के पंखों का खुजलाना
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 13
उत्तर:
घर के भीतर दाने आते हैं। घर भर की आँखें चमक उठती हैं। अभी भोजन बना नहीं है। लेकिन अन्न की आहट ने ही आँखों में रोशनी भर दी है। उम्मीद इसी तरह रोशनी लाती है। फिर धुआँ उठता है छप्पर के ऊपर ! यानि चूल्हा जल गया है। यह धुआँ शुभ संकेत दे रहा है। और कौए अब अपने पंख खुजला रहे हैं।

HSSLive.Guru

अकाल और उसके बाद कविता का सारांश प्रश्ना 6.
चर्चा करें
कविता में कई दिनों तक और कई दिनों के बाद दूहराने का तात्पर्य क्या हो सकता है
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 14
उत्तर:
आचार्य नागार्जुन की कविता है ‘अकाल और उसके बाद।’ कविता की पहली चार पंक्तियों में कई दिनों तक’ की पुनरावृत्ति अभाव की निरंतरता को अंकित करती है। कविता में दूसरे खंड की चार पंक्तियों में कई दिनों के बाद ‘तक’ और ‘बाद’ के बीच एक लंबे अंतराल को व्यंजित करती है

प्रश्ना 7.
अकाल के क्या-क्या कारण हो सकते है? चर्चा करें।
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 15
उत्तर:
अकाल और उसके बाद’ कविता में बिहार राज्य में हुई अकाल का आँखों देखा हाल है। अकाल पडने के मुख्य कारण प्राकृतिक आपदाएँ (National Calamities) अत्याधिक जनसंख्या, फसलों की असफलता, दरिद्रता एंव बेरोज़गारी, सरकारी दुकानों का प्रभावशाली ढंग से प्रबंधन न होना आदि है। भूकंप हिम झंझावत, बाढ़, सूखा तथा महामारी के कारण अकाल की परिस्थिति उत्पन्न हो जाती है। संसाधनों से अधिक जनसंख्या के कारण कृषि पर अधिक भार पडता है। फसलों की असफलता होने पर भी अकाल पडता है। गरीब एंव बेरोज़गार लोगों की खाघ सामग्री खरीदने की क्षमता बहुत कम होती है। सरकारी दूकानों पर गरीब लोगों को सही समय पर पर्याप्त मात्रा में खाघ सामग्री नहीं मिलती। इस प्रकार का भ्रष्टाचार भी अकाल पडने में सहायक होता है।

अकाल और उसके बाद कविता प्रश्ना 8.
कविता की प्रासंगिकता पर टिप्पणी लिखें।
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 16
उत्तर:
बेहाल दीवजंतु
‘अकाल और उसके बाद’ कवि नागार्जुन रचित कविता है। इसमें गरीब, बेबस, . व्यक्तियों के जीवन में व्याप्त भुखमरी और उससे उबरने का चित्र अंकित किया गया है। गरीब व्यक्ति ही बिना अन्न परेशान नहीं है। वरना जीवजंतुओं का हाल भी बेहाल है। छिपकालियाँ दीवारों पर गश्त लगाती है, परंतु उन्हें कुछ नहीं मिलता। चूहे भी भुख से व्याकुल हैं।

प्रस्तुत कविता में प्रत्यक्ष रूप से मनुष्य का चित्रण नहीं है। परंतू अन्न, भोजन, चूल्हा जलाना ये चारी चिजें मनुष्य संबंधित है। मनुष्य पूरी परिस्थिति में विघमान है। अकाल की विभीषिका आ जाती है, वह भी बडी शब्दावली में। अकाल जीवन को स्थगित करता है और अन्न जीवन में हलचल पैदा करता है। जनवादी कवी प्रस्तुत कविता में गरीबी का, भुखमरी का साक्षात्कार किया गया।

कवी जीवन की दो विरोधी स्थितियों को अलग-अलग बिंबों के माध्यम से व्यक्त करता है। ये बिम्ब यों तो जीवन की विरोधी स्थितियों को बड़ी सहजता से व्यक्त करते है। जब तक भूख रहेगी तब तक अकाल और उसके बाद कविता भी रहेगी।

अकाल और उसके बाद Orakkum Questions and Answers

गतिविधि – 1

सूचना :‘अकाल और उसके बाद’ कविता का यह अंश पढ़े और अनुबद्ध प्रश्नों के उत्तर लिखें।
कई दिनों तक चुल्हा रोया, चक्की रही उदास
कई दिनों तक कानी कुतिया सोई उनके पास
कई दिनों तक लगी भीत पर छिपकलिया की गश्त
कई दिनों तक चूहों की भी हालत रही शिकस्त।

Akal Aur Uske Baad Summary in English प्रश्ना 1.
इस कविता में किन-किन जीव-जंतुओं का जिक्र है?
उत्तर:
कानी कुतिया, छिपकलियाँ, चूहे, कौए।

HSSLive.Guru

प्रश्ना 2.
इसमें किन-किन निर्जीव वस्तुओं के बारें में बताया गया है?
उत्तर:
चूल्हा, चक्की, भीत।

Akal Aur Uske Baad Tippani प्रश्ना 3.
निर्जीव वस्तुओं का मानवीकरण हुआ है। दो-एक उदाहरण बताइए।
उत्तर:
चूल्हे का रोना, चक्की का उदास रहना।

प्रश्ना 4.
जीव-जंतुओं के व्यवहारों की विशेषता क्या है?
उत्तर:
चूल्हे के जलने और चक्की के चलने की प्रतीक्षा में कानी कुतिया उनके पास सो गई। कई दिनों . तक चूहों की हालत बहुत दयनीय है। भूख से तड़पती छिपकलियाँ दीवार पर टहलती रही थी।

Aur Uske Bad प्रश्ना 5.
इन जीव-जंतुओं और निर्जीव वस्तुओं की व्याकुल स्थिति का कारण क्या है?
उत्तर:
अकाल

प्रश्ना 6.
इन पंक्तियों के द्वारा कवि क्या कहना चाहते हैं?
उत्तर:
अकाल का समय केवल मानव पर ही नहीं, पूरे समाज पर पड़ता है। इसकी हानी कुछ समय केलिए भी समाज पर बनी रहती है।

प्रश्ना 7.
कवितांश का टिप्पणी लिखें।
उत्तर:
नागार्जुन हिन्दी के प्रगतिशील साहित्यकार हैं। लोकजीवन, प्रकृति और समकालीन राजनीति आप की रचनाओं के मुख्य विषय हैं। इस कविता में कवि अकाल की दयनीय स्थिति का वर्णन करते हुए कहते है कि कई दिनों से वहाँ अकाल पड़ा था। अकाल के दिनों में घर में अनाज का एक दाना भी नहीं था। कई दिनों से घर का चुल्हा नहीं जलाया था। अर्थात घर में भोजन नहीं बनाया था। इस से चुल्हा रो रहा था और चक्की उदास पड़ी थी। घर की दीवारों पर छिपकलियाँ घूम रही थी। चुल्हे और चक्की के पास घर की कानी कुत्तिया अनाज आने के प्रतीक्षा में सो रही थी। चूहों को भी खाने केलिए कुछ नही मिला था। यह सब अकाल की दयनीय दशा था।

अकाल और उसके बाद SCERT Questions and Answers

गतिविधि – 1

सूचनाः ‘अकाल और उसके बाद’ कविता का यह अंश पढ़े और अनुबद्ध प्रश्नों के उत्तर लिखें।
दाने आए घर के अंदर कई दिनों के बाद।
धुआँ उठा आँगन से ऊपर कई दिनों के बाद।
चमक उठी घर भर की आँखें कई दिनों के बाद।
कौए ने सुजलाई पॉखे कई दिनों के बाद।

प्रश्ना 1.
पंक्तियों में किसका वर्णन हैं? (अकाल की स्थिति का, अकाल के पूर्व की स्थिति का, अकाल के बाद की स्थिति का)
उत्तर:
अकाल के बाद की स्थिति का।

HSSLive.Guru

प्रश्ना 2.
‘चमक उठीं घर भर की आँखें’ – का मतलब क्या हैं?
उत्तर:
अकाल के बाद घर में खाना पकाने लगा। कई दिनों के बाद चुल्हा में आग जलने लगे।

अकाल और उसके बाद Additional Questions and Answers

अकाल और उसके बाद आशयग्रहण के प्रश्न

प्रश्ना 1.
‘चक्की रही उदास और चूल्हा रोया’ -से कवि का क्या तात्पर्य है?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 17
उत्तर:
इससे कवि यह बताना चाहते हैं कि घर में खाद्य वस्तुओं का बिलकुल अभाव है। कई दिनों इन दोनों का कोई इस्तेमाल नहीं हुआ है।

प्रश्ना 2.
छिपकली, कानी कुतिया और चूहों की हालत खराब क्यों थी?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 18
उत्तर:
घर में कई दिनों से खाने की चीजें नहीं हैं। जहाँ खाना नहीं होगा वहाँ दीप जलाने के लिए तेल की भी संभावना नहीं। तो वहाँ छोटे कीड़ों का होना असंभव है। इससे छिपकली परेशान है। घर में खाना न होने से कानी कुतिया और चूहे भी परेशान हैं।

प्रश्ना 3.
घर में रहनेवाले मानव और जीव-जंतुओं की किस समान भावना को कवि ने इस कविता में प्रकट किया है?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 19
उत्तर:
चाहे घर के मानव हो या जीव-जंतु, सब भोजन सामग्री के नितांत अभाव में परेशान हैं। उनकी इस विवशता को कवि ने इस कविता में प्रकट किया है।

अकाल और उसके बाद विश्लेषणात्मक प्रश्न

प्रश्ना 1.
कानी कुतिया कहाँ सोई हुई थी? क्यों?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 20
उत्तर:
कांनी कुतिया उदास रही चक्की के पास सोई हुई थी। क्योंकि उसे कहीं भी खाने को कुछ मिलने की संभावना नहीं थी।

प्रश्ना 2.
दीवारों पर छिपकलियाँ क्या कर रही थीं। ऐसा करने का कारण क्या है?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 21
उत्तर:
छिपकलियाँ दीवारों पर गश्त लगा रहे थे। कठिन अकाल के समय घर में कोई दीया भी जलने की संभावना न होगी। ऐसे में छिपकलियों के लिए कीड़ों को मिलना भी मुश्किल है। इसलिए वे गश्त लगा रहे होंगे।

प्रश्ना 3.
‘चमक उठी घर भर की आँखें’ -इस प्रयोग का मतलब क्या होगा?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 22
उत्तर:
आँखें जीव-जंतुओं की होती हैं। लेकिन यहाँ कवि ने निर्जीव वस्तुओं में भी मानवीय गुण का आरोप किया है। ऐसे में चूल्हा, चक्की, कुतिया, छिपकली, चूहा आदि घर के सब निर्जीव और सजीव घर में दाने आने के कारण खुश हैं। यही इसका मतलब है।

अकाल और उसके बाद विधात्मक प्रश्न

प्रश्ना 1.
कविता की प्रासंगिकता पर टिप्पणी लिखें।
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 23
उत्तर:
अकाल और उसके बाद
इस छोटी-सी कविता के चार पंक्तियों में अकाल का विवरण है और चार पंक्तियों उसके बाद का दृश्य। इन चार पंक्तियों में भी “कई दिनों तक” हर पंक्ति के शुरू में बार-बार दुहराया जाता है। इसके बाद बहुत थोड़े-से सरल शब्द बजते हैं जिसमें अकाल की कथा कही गई है। इस अकाल कथा की पहली चार पंक्तियों में मनुष्य कहीं नहीं है। बिंबों में चूल्हा-चक्की है, कानी कुतिया है, चूहे हैं और छिपकलियाँ हैं।

अनाज नहीं है तो चूल्हा और चक्की तो उदास और उतरे हुए मुँह के होंगे ही। कुतिया है वह भी कानी। क्योंकि गरीब घर की है। संपन्न घर के कुत्ते तो झबरे बालों वाले सुंदर कुत्ते होते हैं। रोटी की आस में चक्की के पास पड़े नहीं रहते। छिपकलियाँ भला क्यों भीतर परेशान हाल गश्त लगा रही है? क्योंकि वे तो दाल-रोटी खाती नहीं हैं, कीड़े खाती हैं। लेकिन जिस घर में भोजन नहीं है वहाँ तेल क्या होगा! लिहाजा रात को घर में दीया भी नहीं जलता होगा और कीड़े तो रात की रोशनी में आते हैं। दिन की रोशनी में नहीं आते। ऐसे में छिपकलियाँ भी भूख की मारी हैं। चूहे तो कुत्ते की तरह स्वामीभक्त होते नहीं। शिकस्ता हाल चूहे उस घर में कर क्या रहे हैं? चूंकि अकाल पड़ा है, इसलिए गाँव के किसी घर में अन्न नहीं होगा। वरना चूहे वहाँ चले जाते। खेतों में तो अन्न होने का सवाल ही नहीं उठता! वरना हम जानते हैं कि चूहे खेतों से अन्न चुराकर अपने बिलों में घसीट ले जाते हैं।

बाद की चार पंक्तियों में हर पंक्ति का अंत ‘कई दिनों के बाद’ से होता है। जो भी होता है हर पंक्ति में कई दिनों के बाद’ होता है। घर के भीतर दाने आते हैं। घर भर की आँखें चमक उठती हैं। अभी भोजन बना नहीं है। लेकिन अन्न की आहट ने ही आँखों में रोशनी भर दी है। उम्मीद इसी तरह रोशनी लाती है। फिर धुआँ उठता है छप्पर के ऊपर ! यानि चूल्हा जल गया है। यह धुआँ शुभ संकेत दे रहा है।

और कौए अब अपने पंख खुजला रहे हैं। क्योंकि इन पंखों से वे बहुत तेज़ी से उठते हैं और किसी भी थाली में झपट्टा मारके अपने हिस्से की रोटी ले उठते हैं। . धुआँ देखकर वे भी उम्मीद से भर उठते हैं। कुत्ते, चूहे, छिपकलियाँ और कौए भी सामाजिक प्राणी हैं। वे बस्तियों में, घर में मनुष्यों के साथ ही रहना चाहते हैं। उजाड़ में नहीं।

HSSLive.Guru

प्रश्ना 2.
‘कौए ने खुजलाई पाँखें कई दिनों के बाद’ – कविता के संदर्भ में पंक्ति का विश्लेषण करें।
उत्तर:
कवि अकाल के बाद की स्थिति को सामने लाते हैं। अकाल की भयावह स्थिति से बेचारा कौआ भी हतबुद्धि था। लेकिन झूठ-मूठ की आशा जगते ही वह प्रबुद्ध होकर पंख खुजलाने लगा। कविता का दूसरा अंश, निम्नवर्गीय समाज की जिजीविषा और उसकी संघर्षशील प्रवृत्ति को सामने लाता है। यह बड़ी बात है कि भारतीय समाज का यह हिस्सा अत्यंत धैर्य से भरा है। वह अकाल में बेघर होता है, न जाने किन-किन कैंप-खंडहरों में शरण लेता है, फिर अपने नीड़ में लौटता है और फिर से उसका चूल्हा जलता है। यह कविता भारतीय समाज में परिवार के उस गठन को भी सामने लाती है जिसमें मनुष्य के साथ ही पशु-पक्षियों का भी बसेरा होता है।

अकाल और उसके बाद Summary in Malayalam and Translation

Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 24
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 25

अकाल और उसके बाद शब्दार्थ

Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 3 Chapter 1 अकाल और उसके बाद 26

Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा

You can Download दिशाहीन दिशा Questions and Answers, Summary, Activity, Notes, Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 help you to revise complete Syllabus and score more marks in your examinations.

Kerala State Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा (यात्रावृत्त)

दिशाहीन दिशा Text Book Questions and Answers

दिशाहीन दिशा विश्लेषणात्मक प्रश्न

प्रश्ना 1.
घर में चलते समय मन में यात्रा की कोई बनी हुई रूप-रेखा नहीं थी।” – लेखक के इस कथन के आधार पर बताएँ कि किसी यात्रा पर जान से पहले यात्रा की रूप-रेखा बनाना ज़रूरी है?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 1
उत्तर:
किसी यात्रा पर जाने से पहले यात्रा की रूपरेखा बनाना ज़रूरी है। यात्रा तो हम नई जगहों को पहचानने के लिए करते हैं। रूपरेखा बनाने से जगहों की सही जानकारी मिलती है. मसंदीदार जगह बड़ी चाव देख सकते हैं और अन्य जगह छोड भी सकते हैं। हम अपने समय का सही इस्तेमाल भी कर सकते हैं।

प्रश्ना 2.
घने शहर की छोटी-सी तंग गली में पैदा हुए लेखक को कन्याकुमारी के विशाल समुद्र-तट के प्रति आत्मीयता का अनुभव होने का आधार क्या हो सकता है?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 2
उत्तर:
नुभवहीन बातों पर ज़्यादा रुचि रखना स्वाभाविक है। विपरीत के प्रति आकर्षण होना स्वाभाविक ही है। किसी तंग गली में जन्म लेने से कन्याकुमारी के विशाल तट में अपनापन का भाव जागृत होगा।

HSSLive.Guru

प्रश्ना 3.
‘मगर बात करने की जगह उसने मेरा बिस्तर लपेटकर खिड़की से बाहर फेंक दिया और खुद : मेरा सूटकेस लिए नीचे उतर गया।’ अविनाश के इस आचरण से मोहन राकेश और अविनाश के बीच की मित्रता का क्या अंदाज़ा मिल जाता है?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 3
उत्तर:
मोहन राकेश का एक दिली दोस्त है अविनाश। जब चाहे वह मोहन राकेश के साथ कोई भी आचरण कर सकता है। कुछ भी करने को उसके लिए स्वतंत्रता है। प्रस्तुत आचरण से उनके बीच का धनिष्ठ संबंध का परिचय मिलता है

प्रश्ना 4.
‘मगर आप चाहे तो चंद गज़लें तरन्नुम के साथ अर्ज कर सकता हूँ।’ इस कथन से आम जनता के साथ गज़लों के रिश्ते का क्या परिचय मिलता है?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 4
उत्तर:
आम जनता गज़लों से खूब परिचित थे। गज़ल आम जनता की ही कविता है। वे उसे गाते रहते हैं। क्योंकि उतनी मार्मिकता उसमें है। इसलिए बूढ़ा मल्लाह अब्दुल जब्बार भी शायर गालिब से परिचित थे। गायक न होते हुए भी मल्लाह कुछ गज़लें पेश करने को तैयार भी हुआ।

प्रश्ना 5.
‘उसके खामोश हो जाने से सारा वातावरण ही बदल गया।’ – इससे आपने क्या समझा?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 5
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 6
उत्तर:
बूढ़ा मल्लाह झूम-झूमकर गज़ल गा रहा था। लेखक और मित्र भी उसके गायन में विलीन हो गए। उसका गला काफ़ी अच्छा था, सुनाने का अंदाज़ा भी शायराना था। गाते समय रात, सर्दी, नाव का हिलना इन सबका अनुभव नहीं हो रहा था। अब होने लगा। झील का विस्तार भी उतनी देर के लिए सिमट गया था, अब खुल गया।

दिशाहीन दिशा Text Book Activities & Answers

प्रश्ना 1.
संबंध पहचाने, सही मिलान करें।
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 7

मोहन राकेश की बड़ी इच्छा थी  कि वहाँ जीवन बहुत सस्ता है।
समय और साधन की कमी से मोहन राकेश ने यात्रा करने का निश्चय किया।
 हाथ में पैसा आने पर  कि कन्याकुमारी चला जाऊँ
मोहन राकेश ने पहले सोचा था  कि समुद्र तट का सफ़र करें।
गोआ इसलिए हम जा सकते हैं मोहन राकेश समुद्र तट की यात्रा न कर सके।

उत्तर:

मोहन राकेश की बड़ी इच्छा थी  कि समुद्र तट का सफर करें।
समय और साधन की कमी से  मोहन राकेश समुद्र तट की यात्रा न कर सके।
 हाथ में पैसा आने पर  मोहन राकेश ने यात्रा करने का निश्चय किया।
मोहन राकेश ने पहले सोचा था कि कन्याकुमारी चला जाऊँ
गोआ इसलिए हम जा सकते हैं कि वहाँ जीवन बहुत सस्ता है।

प्रश्ना 2.
पढ़ें, यात्रावृत्त के आधार पर उचित वाक्यों पर सही का निशान ✓ लगाएँ।
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 8
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 9
उत्तर:
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 10

प्रश्ना 3.
भोपाल ताल में अब्दुल जब्बार और अविनाश के साथ की सैर मोहन राकेश के लिए मज़ेदार थी। वे अपने अविस्मरणीय अनुभव दफ्तर के एक मित्र से बाँटना चाहते हैं। भोपाल ताल की सैर के अनुभवों का ज़िक्र करते हुए मित्र के नाम मोहन राकेश का पत्र लिखें।
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 34
उत्तर:
भोपाल,
30-12-1952
प्रिय जयप्रकाशजी,
आप कैसे हैं? दफ़्तर में सब कुशल है न? कुछ बातें आपसे बाँटना चाहता हूँ। सोचा कि एक चिट्ठी लिखू। अब मैं भोपाल में हूँ। मुंबई के रास्ते में था। डिब्बे में सोने के लिए सीट भी मिली थी। लेकिन रात आई तो मैं भोपाल ताल की एक नाव में लेटा बुढ़े मल्लाह अब्दुल जब्बार से गज़लें सुन रहा था।

भोपाल स्टेशन पर मित्र अविनाश ने मुझसे मिलने आया था। बात करने की जगह उसने मेरा बिस्तर लपेटकर खिड़की से बाहर फेंक दिया और खुद मेरा सूटकेस लिए हुए नीचे उतरा। रात ग्यारह बजे के बाद हम लोग घूमने निकले। जब भोपाल ताल के पास आया तो मन लगा कि नाव लेकर कुछ देर तक झील की सैर करें। अचानक अविनाश ने कहा कि कितना अच्छा होता अगर इस वक्त हम में से कोई कुछ गा सकता। हमारी नाव का मल्लाह अब्दुल जब्बार गायक तो नहीं, मगर उसने कुछ गज़लें तरन्नम के साथ पेश किया। उसका गला अच्छा था। सुनाने का अंदाज़ भी शायराना था। एक के बाद दूसरी फिर तीसरी। हम दोनों उसके गायन में विलीन हो गए थे। जब वह खामोश हो गया तो वातावरण ही बदल गया। रात, सर्दी का नाव का हिलना सबका अनुभव पहले नहीं हो रहा था, अब होने लगा। फिर उससे गालिब की गज़लें सुनाया गया। भोपाल-ताल की सैर मज़ेदार था, दिल को छूनेवाली थी। दफ्तर में सबको मेरा नमस्कार कहना। बाकी सब अगले पत्र में। तुरंत ही जवाबी पत्र की प्रतीक्षा करते हुए।
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 11

HSSLive.Guru

प्रश्ना 4.
पश्चिमी-तट की यात्रा निश्चय ही अवाच्य अनुभूति प्रदान करेगी। गोआ काफ़ी सुंदर जगह है। वहाँ की विशेषताओं को ध्यान में रखकर एक विवरणिका (ब्रॉशर) तैयार करें।
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 12
उत्तर:
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 13

प्रश्ना 5.
चरित्र पर टिप्पणी लिखें।
बूढ़े मल्लाह ने एक गज़ल छेड़ दी। उसका गला काफ़ी अच्छा था और सुनाने का अंदाज़ | भी शायराना था। काफ़ी देर चप्पुओं को छोड़े वह झूम-झूमकर गज़लें सुनाता रहा।
‘दिशाहीन दिशाट के अब्दुल जब्बार का व्यक्तित्व बड़ा प्रभावशाली है। ये संकेत पढ़ें और अब्दुल जब्बार के चरित्र पर टिप्पणी लिखें।
1. गरीब
2. परिश्रमी .
3. खुशमिज़ाज .
4. सादा जीवन बितानेवाला
5. विनयशील .
6. गज़ल गायक
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 14
उत्तर:
गज़ल गायक – अब्दुलजब्बार
मोहनराकेश का यात्राविवरण ‘दिशाहीन दिशा’ के एक प्रभावशाली व्यक्ति है बूढ़ा मल्लाह श्री अब्दुल जब्बार । भोपाल-ताल की सैर में लेखक और मित्र का उनका परिचय होता है। हमेशा खुशमिज़ाज दिखाई पडनेवाला और सादा जीवन बितानेवाला था। दाढ़ी के ही नहीं छाति के भी बाल सफेद हो चुके थे। सर्दी के मौसम में भि सिर्फ तहमद लगाए आया था। भोपाल-ताल का नाविक अब्दुलजब्बार रात -दिन मेहनत करता रहता है। जब वह चप्पू चलाने लगता तो उसकी मांसपेशियाँ इस तरह हिलती जैसे उनमें फौलाद भरा हो । जब अविनाश गाने का आग्रह प्रकट किया तो बिना हिचक के तीन गज़लें छेड देता है। उसका गला काफ़ी अच्छा था। गज़लों से वह इतना परिचित था कि सुनाने का अंदाज़ भी शायराना था। कभी कभी नाव खोते समय चप्पुओं को छाड़े झूम-झूमकर गज़लें सुनाता था। असल में जब उसने गज़ले समाप्त की, वातावरण ही बदल गया था। अविनाश के अनुसार गालिब की चीज़ पेश करने को कहता है, तुरंत ही बिना एतराज के विनय के साथ गज़लें गाने लगा। मोटे तौर पर वह खुशमिज़ाज, विनयशील गरीब गज़लगायक अब्दुल जब्बार लेखक और मित्र के लिए उस रात अविस्मरणीय पात्र रहा।

HSSLive.Guru

प्रश्ना 6.
इंन शब्दों पर ध्यान दें :
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 15

मुझे हमने
उसमें  उसकी
 इनका  मुझसे
उसने किसका

इनके मूल शब्दों को पहचानें और परिवर्तन के कारण पर चर्च करें।
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 16
उत्तर:
मुझे — मैं
हमने — हम
उसमें — वह
उसकी — वह
इनका — ये
मुझसे — मैं
उसने — वह
किसका — कौन
मैं, हम, वह, ये, कौन आदि हिंदी के सर्वनाम है।
इन सर्वनाम के साथ कुछ प्रत्य लगाने से उपयुक्त शब्द मिलता है। इन्हें सर्वनाम का रूपांतरण कहते हैं। उदाहरण के लिए ‘मैं’ के साथ ‘को’ प्रत्यय लगाने से ‘मुझे’ या ‘मुझको’ शब्द मिलता है। मैं, हम, तू, तुम, आप, यह, ये, वह,वे, जो, कौन, कोई आदि हिंदी के सर्वनाम हैं।

प्रश्ना 7.
नमूने के अनुसार वाक्यों को बदलकर लिखें, अर्थ-भेद भी समझें।
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 17
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 18
उत्तर:
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 19

प्रश्ना 8.
मान लें आप दिसंबर की छुट्टियों में दिल्ली जा रहे हैं। इसके लिए क्या-क्या पूर्व तैयारियाँ करेंगे। इस चार्ट की पूर्ति करें।
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 20
उत्तर:
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 21

दिशाहीन दिशा Additional Questions and Answers

प्रश्ना 1.
‘तीसरी गज़ल सुनकर वह खामोश हो गया। उसके खामोश हो जाने से सारा वातावरण ही बदल गया।’ बूढ़े मल्लाह अब्दुल जब्बार के साथ हुई भोपाल-ताल की सैर के बारे में लेखक अपनी डायरी में कुछ लिखते है। वह डायरी तैयार करें।
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 22
26 दिसंबर 1952.
कल जो भोपाल- ताल की यात्रा करने का मन हुआ वह अविस्मरणीय रहा। रात साढ़े ग्यारह बजे मैं अविनाश के साथ भोपाल-ताल पर यात्रा की। हमारा मल्लाह अब्दुलजब्बार नामक एक बूढ़ा था। वह बहुत खुशमिज़ाज नज़र आया। अविनाश के आग्रह प्रकट करते ही उसने तीन गज़लें छेड़ दी। वाह ! हम उसपर विलीन हो गए थे। रात, सर्दी एवं नाव के हिलने का अंदाज़ा पहले नहीं हुआ था। झील का विस्तार भी गाते समय सिमट गया था। उसका गला काफ़ी अच्छा था। सुनाने का अंदाज़ भी शायराना था। नाव चलाने का बीच काफ़ी देर चप्पुओं को छोडे वह झूम -झूमकर गज़लें सुनाता रहा। तेज़ गर्मी में भी बेचारा सिर्फ एक तहमद लगाए बैठा था। जब वह चप्पू चलाने लगता तो उसकी मांसपेशियाँ इस तरह हिल्ती जैसे उनमें फौलाद भरा हो। मैं और अविनाश उसके गज़ल गायन में इतना विलीन हो गए थे कि लौट जाने की बात ही नहीं सोचा था। आगे उसने गालिब की गज़ल पैश की – “मुद्दत हुई है यार को मेहमाँ किए हुए……”! आहा! क्या बात है! यह दुनीया ही कुछ और है।

HSSLive.Guru

प्रश्ना 2.
रात को ग्यारह के बाद हम घूमने निकले। भोपाल ताल के पास पहूँचे तो मन हो आया कि नाव लेकर कुछ देर झील की सैर की जाए। प्रस्तुत घटना को लेकर पटकथा का एक दृश्य लिखें।
दृश्य।:
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 23
दृश्य का विवरणः
(भोपाल ताल में नाव खोते हुए एक बूढ़ा मल्लाह नज़र आ रहा है। नाव में मोहनराकेश और मित्र अविनाश है। मोहनराकेश लेटे हुए है। मल्लाह सिर्फ तहमद पहना हुआ है। कडी सर्दी है। अविनाश गज़ल गाने का आग्रह प्रकट करता है। बूढ़ा मल्लाह गाने की धुन में है)

मोहनराकेश : बडी सुहानी रात है, कडी सर्द भी है।
अविनाश : हाँ, अगर हममें से कोई इस वक्त कोई गाना पेश करें तो कितना अच्छा होता।
अब्दुलजब्बार : मैं गा तो नहीं सकता, हुजूर ।
अविनाश : फिर भी कुछ प्रयास करें।
अब्दुलजब्बार : कुछ गज़लें तरन्नुम के साथ पेश करने का प्रयास करूँ?
मोहनराकेश
और अविनाश : (एकसाथ) ज़रूर, ज़रूर ।
(बूढा मल्लाह ताल- लय के साथ गज़लें गाने लगता है।)

दिशाहीन दिशा Summary in Malayalam and Translation

Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 24
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 25
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 26
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 27
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 28
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 29
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 30
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 31

दिशाहीन दिशा शब्दार्थ

Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 32
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 2 दिशाहीन दिशा 33

Kerala SSLC Class 10 Hindi Solutions

Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का

You can Download बसंत मेरे गाँव का Questions and Answers, Summary, Activity, Notes, Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 help you to revise complete Syllabus and score more marks in your examinations.

Kerala State Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का (लेख)

बसंत मेरे गाँव का Text Book Questions and Answers

बसंत मेरे गाँव का विश्लेषणात्मक प्रश्न

Basant Mere Gaav Ka  प्रश्ना 1.
उत्तराखंड के हिमालयी अंचल में फूलदेई को बच्चों का सबसे बड़ा त्योहार मानते हैं। क्यों?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 1
उत्तर:
फूलदेई के त्योहार में बच्चों की अहम भूमिका रहती है। इसमें बड़ों की भूमिका केवल सलाह देने तक सीमित रहती है। फूलदेई का त्योहार मनाने के लिए पहले बच्चे फूल चुनते हैं। टोकरियों में रखते हैं। सुबह बच्चे गाँव भर घूमकर घरों की देहरियों को फूलों से सजाते हैं। घरवाले बच्चों को चावल, गुड़, आदि दक्षिणा में देते हैं। इक्कीस दिन तक इसी प्रकार सामग्रियाँ इकट्ठी की जाती हैं। इन्हीं चीज़ों से अंतिम दिन सामूहिक भोज बनाते हैं। ये सारे काम बच्चे ही करते हैं। इसलिए इसे बच्चों का सबसे बड़ा त्योहार मानते हैं।

HSSLive.Guru

प्रश्ना 2.
‘आपसी विश्वास के दम पर वर्षों से यहाँ यह लेन-देन चल रहा है।’ यहाँ गाँववालों की कौन सी विशेषता प्रकट होती है?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 2
उत्तर:
यहाँ गाँववाले और पशुचारकों के बीच लेन-देन चल रहा है। वे ईमानदार और निस्वार्थ हैं। मनाफे की कोई प्रतीक्षा के बिना आपसी विश्वास से यह व्यापार चलता रहता है।

प्रश्ना 3.
‘जब तक हिमालय रहेगा, ऋतुओं के बदलने का उल्लास बना रहेगा।’ इसका क्या तात्पर्य है?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 3
उत्तर:
हिमालय की भौगोलिक स्थिति और इन ऋतुओं के बदलने में घना संबंध है। हिमालय अंचल की संस्कृति, कला, जीवन रीति आदि पर इन ऋतुओं का बड़ा असर है। इसलिए ऐसा कहा . गया है। – प्रकृतिवर्णन से युक्त वाक्य लेख से चुनकर लिखें।

बसंत मेरे गाँव का Text Book Activities and Answers

बसंत मेरे गाँव का अभ्यास के प्रश्न

प्रश्ना 1.
प्रकृति वर्णन से युक्त वाक्य लेख से चुनकर लिखें। जैसे,
i. मकर संक्रांति के बाद सूरज पंचाचूली के शिखरों से चौखंभा पर्वत की तरफ खिसकना शुरु कर देता है।
ii. बसंत की गुनगुनी धूप जब दोपहरी में तपाने लगती है तब ऊँचे हिमालय शिखरों पर बुराँस चटकने लगते हैं।
रेखांकित अंशों पर ध्यान दें, और उनका विशेष अर्थ समझें। पाठभाग से ऐसे वाक्यों का चयन करें।
उत्तर:

  • सूरज पंचाचूली से खिसककर जब नंदा पर्वत तक पहुँचता है तो पहाडों में फमूली के पीले । फूल खिलने लगते हैं।
  • पहाड़ी के ढलानों पर खूबसूरती से कटे सीढ़ीनुमा खेतों में गेहूँ की हरियाली के बीच सरसों की पीलाई पसर जाती है।
  • बुराँस के फूल पहाडों पर शानदार लालिमा बिछा देते है।
  • गाँव की जड़ में बहती गंगा से सटकर बनी सीली सड़क में हलचल बढ़ जाती है।

प्रश्ना 2.
पदत्त कार्य
मौसम के आधार पर भारत की सामाजिक गतिविधियाँ बदलती रहती हैं। यहाँ की ऋतुओं की बातें तो बिलकुल अनोखी हैं। हर ऋतु के साथ कई त्योहार भी जुड़े हुए हैं। सोचें और इस तालिका की पूर्ति करें:
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 4
उपरोक्त तालिका के आधार पर मौसम और त्योहार विषय पर निबंध तैयार करें।
उत्तर:
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 5

बसंत मेरे गाँव का बदलते त्योहार बदलते मौसम

हमारे त्योहार और मौसम के बीच घना संबंध है। वेदों में प्रकृति को ईश्वर का साक्षात् रूप मानकर उसके हर रूप की वंदना की गई है। इसके अलावा आसमान के तारों और आकाश मंडल की स्तुति कर उनसे रोग और शोक को मिटाने की प्रार्थना की गई है।

ऋतुएँ छह बताई गई हैं – वसंत, ग्रीष्म, वर्षा, शरद्, हेमंत एवं शिशिर । ऋषियों ने ऐसे प्रत्येक ऋतु में प्रत्येक त्योहार और नियम बनाए जिनका पालन करने से व्यक्ति सुखमय जीवन प्यतीत कर सके। वसंत ऋतु में होली, रंग-पंचमी, बसंत पंचमी, नवरात्रि, रामनवमि, हनुमान जयंती और गुरुपूर्णिमा उत्सव मनाए जाते हैं। ग्रीष्म ऋतु में निर्जला एकादशी वट सावित्री व्रत, शीतलाष्टमी, देवशयनी, एकादशी, और गुरुपूर्णिमा त्योहार आते हैं। श्रावण और भाद्रपद वर्षा ऋतु के मास हैं। वर्षा नया जीवन लेकर आती है।

यह माह जुलाई-सितंबर में पडता है। इस ऋतु के तीज, रक्षाबंधन और कृष्णजन्माष्टमी सबसे बड़े त्योहार हैं। शरद् ऋतु वातावरण में स्वाच्छता का प्रसार दिखाई पड़ता है। यह ऋतु अकतूबर से नवंबर के बीच रहती है। इस ऋतु के त्योहार हैं – श्राध्द पक्ष, नवरात्रि, दशहरा करवा चौथ । हेमंत ऋतु हिंदु माह के मार्गशीर्ष और पौष मास के बीच रहती है। इस ऋतु में शरीर प्रायः स्वस्थ रहता है। करवा चौथ, धनतेरस, रूप चतुर्दशी दीपावली, गोवर्धन पूजा, भाई दूज आदि त्योहार पडेंगे। शिशिर ऋतु माघ और फाल्गुन के महीने अर्थात् पतझड़ माह में आती है।

इस ऋतु में प्रकृति पर बुढ़ापा छा जाता है। इस ऋतु से ऋतुचक्र के पूर्ण होने का संकेत मिलता है। यह 15 जनवरी से पूरे फरवरी माह तक रहती है। इस ऋतु में मकर संक्रांति का त्योहार आता है। इसी ऋतु में फाल्गुन मास कृष्ण चतुर्दशी को महाशिवरात्रि का महापर्व मनाया जाता है।

HSSLive.Guru

प्रश्ना 3.
i. बसंत फूलदेई का त्योहार लेकर आता है।
ii. देर शाम तक बच्चे फूल चुनते हैं।
iii. सुबह पौ फटते ही बच्चों की टोलियाँ गाँव भर में घूमती हैं।
रेखांकित शब्द क्रिया के किस समय को सूचित करता है? चर्चा करें।
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 6
उत्तर:
यहाँ आता है, चुनते हैं और घूमती हैं क्रियाएँ क्रिया के वर्तमान काल में होने की सूचना देती हैं। वर्तामान काल में क्रिया के आठ रूप बनते हैं। नीचे की तालिका से उन्हें समझें।

प्रश्ना 4.
ये वाक्य पढ़ें।
( इन फूलों को रिंगाल से बनी खास तरह की टोकरियों में रखा जाता है।)
यहाँ फूलों को रिंगाल से बनी खास तरह की टोकरियों में किसके द्वारा रखा जाता है?
अब यह वाक्य पढ़ें,
(बच्चे इन फूलों को रिंगाल से बनी खास तरह की टोकरियों में रखते हैं।)
इन दोनों वाक्यों पर चर्चा करें।
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 7
उत्तर:
पहले वाक्य में कर्म की प्रमुखता है। इस प्रकार के वाक्य को ‘कर्म वाच्य’ कहते हैं। इसमें कर्म ‘फूल’ है। कर्म वाच्य के वाक्यों की क्रियाएँ कर्म के लिंग-वचन के अनुसार बदलती हैं। लेकिन यहाँ कर्म के साथ ‘को’ परर्सा का प्रयोग हुआ है। इसलिए क्रिया का रूप पुल्लिंग एकवचन में है।

दूसरे वाक्य में कर्ता की प्रमुखता है। इसमें कर्ता ‘बच्चे’ है। इस प्रकार के वाक्य को कर्तृवाच्य कहते हैं। कर्तृवाच्य के वाक्यों की क्रियाएँ कर्ता के लिंग-वचन के अनुसार बदलती हैं।

प्रश्ना 5.
इस प्रकार के अन्य वाक्य ढूँढकर लिखें।
उत्तर:
1. पिछली शाम चुने गए फूल घरों की देहरियों पर सजाए जाते हैं।
2. दक्षिणा में मिली यह सामग्री पूरे इक्कीस दिन तक इकट्ठी की जाती है।
3. अंतिम दिन इकट्ठी की गई सामग्री से सामूहिक भोज बनाया जाता है।
चर्चा करें:
उपर्युक्त तीन वाक्य कर्मवाच्य के वाक्य हैं। कर्मवाच्य में कर्म की प्रधानता होती है। कर्ता के साथ ‘से’ प्रत्यय जाडेकर क्रिया का भूतकाल रूप के साथ ‘करना’ क्रिया के उचित रूप का प्रयोग होता है।

प्रश्ना 6.
हिमालयी अंचल के लोग प्राकृति से तालमेल रखकर जीवन बिताते हैं। यदि हम प्रकृति के साथ विनाशकारी हस्तक्षेप करें तो क्या-क्या मुसीबतें होंगी?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 8
उत्तर:
मानव के अनियंत्रित हस्तक्षेप के कारण प्रकृतिक संसाधनों पर ज़्यादा असर होता है। प्रकृति के शोषण एवं स्रोतों के नशीकरण से प्राकृतिक संसाधनों पर बुरा असर पड़ता है। ऋतुचक्र में बदलाव आ जाता है। तेज़ गर्मी एवं ठंड इसीका परिणाम है। जनजीवन असहनीय बन जाता है। पेडों के काटने से जंगल नहीं के बराबर होते हैं। जीवजंतुएँ जंगल से निकलकर गाँव की ओर आ जाते हैं। भूकंप, हिम झंझावत, बाढ़, सूखा आदि प्रकृति शोषण के फलस्वरूप होते हैं।

बसंत मेरे गाँव का Orakkum Questions and Answers

गतिविधि -1

सूचना : संबंध पहचानें और सही मिलान करें।

पाँच बर्फानी चोटियाँ फूलदेई
चार शिसर फ्योंली
पीले फूल पंचाचूली
सीढ़ीनुमा औजी
बच्चों का त्योहार चौखंभा
बाँस की एक प्रजाति खेत
चैती गीत गानेवाले रिंगाल

उत्तर:

पाँच बर्फानी चोटियाँ पंचाचूली
चार शिसर चौखंभा
पीले फूल फ्योंली
सीढ़ीनुमा खेत
बच्चों का त्योहार फूलदेई
बाँस की एक प्रजाति  रिंगाल
चैती गीत गानेवाले औजी

गतिविधि -2

सूचना : बसंत मेरे गाँव का’ लेख का यह अंश पढ़े और अनुबद्ध प्रश्नो के उत्तर लिखें।
बंसत फूलदेई का त्योहार लेकर आता हैं। देर शाम तक बच्चे फूल चुनते हैं। इन फूलों को रिंगाल से बनी खास तरह की टोकरियों में रखा जाता हैं। टोकरियों को रात भर पानी से भरी गागरों के ऊपर रख जाता है ताकि वो सुबह तक मुरझा न पाएँ।

HSSLive.Guru

प्रश्ना 1.
फूलदेई को बच्चों का त्योहार क्यों कहा गया है?
उत्तर:
इस त्योहार में सारे काम बच्चे करते हैं। बडों की भूमिका केवल सलाह देना है। इसलिए फूलदेई बच्चों का त्योहार कहा गया है।

प्रश्ना 2.
फूलदेई के अवसर पर उत्तराखंड पर्यटन विभाग इसका प्रचार करते हैं। फूलदेई त्योहार से संबंधित पोस्टर तैयार करें।
उत्तर:
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 9

गतिविधि – 3
सूचना : ‘बसंत मेरे गाँव का’ लेख का यह अंश पढ़ें और अनुबद्ध प्रश्नों के उत्तर लिखें।
वे जानवरों के साथ-साथ कीड़ाजड़ी, करण और च्यूर जौसी दुर्लभ हिमालयी जड़ी व औषधियाँ भी बेचते हैं। इन गांवों से इनका सादियों का रिश्ता हैं, इसलिए उसी वक्त पूरी कीमत चुकाना ज़रूरी नहीं होता। बर्फीले मौसम में निचले इलाकों की ओर जाते वक्त पुरानी वसूली की जाती है। मज़े की बात हैं कि नकत-उधार के आंकड़े कहीं दर्ज नहीं होते।

प्रश्ना 1.
पशुचारकों की पुरानी वसूली कब की जाती हैं?
उत्तर:
बर्फीले मौसम में निचले इलाकों की ओर जाते समय पुरानी वसूली की जाती हैं।

प्रश्ना 2.
‘इनका’ – में निहित सर्वनाम कौन – सा हैं?
उत्तर:
ये

प्रश्ना 3.
‘नकद-उधार के आँकड़े कहीं दर्ज नहीं होते’ आपसी विश्वास के आधार पर सादियों से चली आ रही इस सिलसिले पर एक रपट तैयार करें।
उत्तर:
यहाँ नकद – उधार के आँकड़े कहीं दर्ज नहीं होता। उत्तराखड़ मकर संक्रांति से सूरज तपने के कारण गंगा में पानी की धारा तेज़ हो जाती हैं। उस समय यहाँ के हिमालय अंचल में ठंड के मौसम में बर्फीले इलाकों से निचले इलाकों में उतरे पशुचारक वापस घरों को लौटने लगते हैं। रास्ते में आनेवाले गाँवों से उनका लेन-देन भी होता हैं। गाँवों से इनका सादियों का रिश्ता है, इसलिए उसी वक्त पूरी कीमत चुकाना ज़रूरी ही। बर्फीले मौसम में निचले इलाकों की ओर जाते वक्त पुरानी वसूली की जाती है। मज़े की बात है कि नकद-उधार के आंकडे कहीं दर्ज नहीं होते। आपसी विश्वास के दम पर वर्षों से यहाँ ये लेन-देन चल रहा है।

गतिविधि – 4

सूचनाः ‘बसंत मेरे गाँव का’ लेख का यह अंश पढ़ें और अनुबद्ध प्रश्नों के उत्तर लिखें।
सूरज जब चौखंभा पर्वत के पीछे से उदय होने लगता है तब जेठ शुरू हो जाता है। पहाड़ की सड़कें गाड़ियों से भर जाती हैं। अपने घर की छत से जब में बद्रीनाध यात्रा-मार्ग की भीड़ देखता हूँ तो भूल जाता हूँ कि महज दो महीने पहले यह घाटी एकदम शांत थी।

प्रश्ना 1.
संबंध पहचानें और सही मिलान करें।

दो महीने पहले जेठ शुरू हो जाता है।
घर की छत से गाड़ियों से भर जाती है।
पहाड़ियों की सड़कें घाटी एकदम शांत थी।
चौखंभा पर्वत के पीछे से सूर्योदय होने लगता हैं। में भीड़ देखता हूँ।

उत्तर:

दो महीने पहले घाटी एकदम शांत थी।
घर की छत से में भीड़ देखता हूँ।
पहाड़ियों की सड़कें गाड़ियों से भर जाती है।
चौखंभा पर्वत के पीछे से सूर्योदय होने लगता हैं। जेठ शुरू हो जाता है।

प्रश्ना 2.
नमूने के अनुसार वाक्य बदलकर लिखें।
जेठ शुरू हो जाता हैं।
जेठ शुरू हो जाएगा।
सड़कें गाड़ियों से भर जाती हैं। …………………..
उत्तर:

जेठ शुरू हो जाता हैं। जेठ शुरू हो जाएगा।
सड़कें गाड़ियों से भर जाती हैं। सड़कें गाड़ियों से भर जाएँगी।

गतिविधि – 5
सूचनाः ‘बसंत मेरे गाँव का’ पाठ के ये वाक्य पढ़ें।
1. सूरज अब नंदा पर्वत से चौखंभा पर्वत की ओर बढ़ने लगता है।
2. पशुचारक वापस घरों को लौटने लगते हैं।
3. बुरांस के फूल पहाड़ों पर शानदार लालिमा बिछा देते हैं।
4. गंगा में पानी की धारा तेज़ हो जाती है।
5. सीली सडक में हलचल बढ़ जाती है।
6. पहाड़ की सड़कें गाड़ियों से भर जाती हैं।

HSSLive.Guru

प्रश्ना 1.
प्रत्येक वाक्य के रेखांकित क्रिया रूपों का सीध संबंध वाक्य के किस शब्द से हैं?
उत्तर:
वर्तमान काल के वाक्यों में कर्ता के लिंग, वचन के अनसार क्रिया रूप बनता हैं। इसके लिए ता है, ते है, ती है, ती हैं, ता हूँ, ती हूँ, ते हो, ती हो आदि क्रिया पूरकों का प्रयोग करता है।

बसंत मेरे गाँव का Additional Questions and Answers

बसंत मेरे गाँव का आशयग्रहण के प्रश्न

प्रश्ना 1.
फूलदेई के त्योहार के सिलसिले में बच्चे पहले क्या किया करते हैं?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 10
उत्तर:
बच्चे देर शाम तक फूल चुनते हैं और इन फूलों को रिंगाल से बनी खास तरह की टोकरियों में रखते हैं।

प्रश्ना 2.
फूलों को ताज़ा रखने के लिए क्या करते हैं?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 11
उत्तर:
फूलों को रिंगाल की टोकरियों में रखा जाता है। टोकरियों को रात पानी से भरी गागरों के ऊपर रखा जाता है।

HSSLive.Guru

प्रश्ना 3.
फूलदेई त्योहार के दिन सुबह से बच्चे क्या करते हैं?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 12
उत्तर:
बच्चे टोलियाँ बनकर गाँव-भर घूमते हैं। पिछली शाम चुने फूलों को घरों की देहरियों पर सजाते हैं।

प्रश्ना 4.
घरवाले बच्चों को क्या देते हैं?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 13
उत्तर:
घरवाले बच्चों को चावल, गुड़, दाल आदि देते हैं।

प्रश्ना 5.
दक्षिणा में मिली चीज़ों से क्या करते हैं?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 14
उत्तर:
दक्षिणा में मिली चीज़ों को पूरे इक्कीस दिन तक इकट्ठा की जाती है। अंतिम दिन इकट्ठी की गई सामग्री से सामूहिक भोज बनाया जाता है।

HSSLive.Guru

प्रश्ना 6.
चैती गीत क्या है? उसकी विशेषता क्या है?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 15
उत्तर:
चैती उत्तराखंड का चैत माह पर केंद्रित लोकगीत है। इन गीतों में पांडवों की हिमालय यात्रा के किस्से होते हैं और पहाड़ के वीरों की शौर्य गाथाएँ भी शामिल होती है।

प्रश्ना 7.
बदलती ऋतुएँ और पशुचारकों के ज़िंदगी में क्या संबंध है?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 16
उत्तर:
ठंड के मौसम में पशुचारक बर्फीले इलाकों से निचले इलाकों में उतर आते हैं। महीनों तक फैले चराहगाहों, घने जंगलों और अनजान बस्तियों में भटकते हैं। पशुचारकों के साथ उनके पालतू जानवर भी होते हैं। गर्मियों के दिन के आने पर वे वापस घरों को लौटने लगते हैं। यह खुशी उत्सव का माहौल रचती है। वे गीत गाते हैं नाचते हैं।

प्रश्ना 8.
रास्ते के गाँववालों का पशुचारकों के जीवन में क्या स्थान है?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 17
उत्तर:
गाँवालों से पशुचारकों का लेन-देन होता रहता है। वे जानवर, दुर्लभ हिमालय जड़ी व औषधियाँ बेचते हैं। इन गाँववालों से उनका सदियों का रिश्ता है। इसलिए उधार में भी व्यापार चलता है। अगले साल ठंड के मौसम में इसकी वसूली की जाती है।

प्रश्ना 9.
जेठ की शुरूआत पर गाँव में कौन-सा परिवर्तन आता है?
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 18
उत्तर:
बद्रीनाथ, केदारनाथ, गंगोत्री और यमुनोत्री की ओर आनेवाले यात्रियों की गाड़ियों से सड़कें भर जाती हैं। घाटी की शांत वातावरण बदल जाता है।

बसंत मेरे गाँव का Summary in Malayalam and Translation

Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 19
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 20
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 21
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 22
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 23
Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 24

बसंत मेरे गाँव का शब्दार्थ

Kerala Syllabus 10th Standard Hindi Solutions Unit 4 Chapter 1 बसंत मेरे गाँव का 25

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi

Students can Download Adisthana Padavali Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi Questions and Answers, Summary, Notes Pdf, Activity, Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions helps you to revise the complete Kerala State Syllabus and score more marks in your examinations.

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Guide Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi

Kochu Chakkarachi Questions and Answers, Summary, Notes

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 1

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 2
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 3

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 4
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 5
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 6
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 7

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 8
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 9
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 10
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 11
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 12

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 13
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 14
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 15
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 16

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 17
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 18
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 19
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 20
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 21

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 22
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 23
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 24
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 25

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 26
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 27
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 28
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 1 Kochu Chakkarachi 29

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni

Students can Download Adisthana Padavali Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni Questions and Answers, Summary, Notes Pdf, Activity, Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions helps you to revise the complete Kerala State Syllabus and score more marks in your examinations.

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Guide Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni

Plavilakkanni Questions and Answers, Summary, Notes

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 1

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 2
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 3

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 4
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 5
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 6

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 7
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 8
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 9
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 10

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 11
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 12
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 13

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 14
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 15
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 16

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 17
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 18
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 19
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 20

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 21
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 22
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 23

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 24
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 25
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 26

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 27
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 28
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 29
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 30

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 31
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 32
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 1 Plavilakkanni 34

Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam

Students can Download Kerala Padavali Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam Questions and Answers, Summary, Notes Pdf, Activity, Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions helps you to revise the complete Kerala State Syllabus and score more marks in your examinations.

Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Guide Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam

Rtuyeagam Questions and Answers, Summary, Notes

Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 1

Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 2
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 3

Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 4
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 5
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 6

Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 7
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 8
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 9
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 10

Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 11
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 12
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 13
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 14
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 15

Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 16
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 17
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 18
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 19

Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 20
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 22
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 23
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 24
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 25

Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 26
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 27
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 28
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 29

Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 30
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 31
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 32
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 33
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 1 Chapter 2 Rtuyeagam 21

Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt

Students can Download Kerala Padavali Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt Questions and Answers, Summary, Notes Pdf, Activity, Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions helps you to revise the complete Kerala State Syllabus and score more marks in your examinations.

Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Guide Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt

Katalttiratt Questions and Answers, Summary, Notes

Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 1

Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 2
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 3

Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 4
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 5

Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 6
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 7
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 8
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 9
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 10

Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 11
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 12
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 13
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 14
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 15

Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 16
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 17
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 18
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 19
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 20

Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 21
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 22
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 23
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 24
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 25

Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 26
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 27
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 28
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 29
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 30

Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 31
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 32
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 33
Kerala Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 3 Katalttiratt 34

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru

Students can Download Adisthana Padavali Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Questions and Answers, Summary, Notes Pdf, Activity, Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions helps you to revise the complete Kerala State Syllabus and score more marks in your examinations.

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Guide Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru

Sree Narayana Guru Questions and Answers, Summary, Notes

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 1

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 2
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 3
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 4

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 5
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 6
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 7
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 8

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 9
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 10
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 11
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 12
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 13

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 14
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 15
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 16
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 17
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 18

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 19
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 20
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 21
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 22

Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 23
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 24
Adisthana Padavali Malayalam Standard 10 Solutions Unit 2 Chapter 4 Sree Narayana Guru 25