Teachers recommend solving Kerala Syllabus Plus Two Hindi Previous Year Question Papers and Answers Pdf Board Model Paper 2022 to improve time management during exams.
Kerala Plus Two Hindi Board Model Paper 2022 with Answers
Time : 2 1/2 Hours
Maximum : 80 scores
सामान्य निर्देश:
- प्रश्न वाचन और चिंतन के लिए 15 मिनट का समय है।
- उत्तर लिखने से पहले प्रश्नों को अच्छी तरह समझने की कोशिश करें।
- स्कोर और समय पर ध्यान देकर उत्तर लिखें। सूचना के अनुसार वैकल्पिक प्रश्नों के उत्तर लिखें।
Part – I
(अ) 1 से 6 तक के प्रश्नों में से किन्हीं 4 के उत्तर लिखें। ( 4 × 1 = 4)
प्रश्न 1.
‘ज़मीन एक स्लेट का नाम है’ के रचयिता कौन हैं? (एकांत श्रीवास्तव, अमृता प्रीतम, हिमांशु जोशी)
उत्तरः
एकांत श्रीवास्तव
प्रश्न 2.
सूरीनाम में पहला दिन’ किस विधा की रचना है? ( आत्मकथा, कहानी, सफ़रनामा)
उत्तरः
आत्मकथा
प्रश्न 3.
मातृभूमि का आभूषण क्या है? (सूर्य-चंद्र, फूल-तारे, खग-वृंद)
उत्तरः
फूल – तारे
प्रश्न 4.
“माँ, यह मुरकी और बुलाकी नाम तूने रखे थे?” यह किसने पूछा?
उत्तरः
कुमार
![]()
प्रश्न 5.
कैदी बाप ने किसको पत्र लिखा?
उत्तरः
अपनी बेटी को दृष्प्रभाव नहीं (No Side Effects)
प्रश्न 6.
‘सुतमुख देखि जसोदा फूली ।’ यशोदा क्या देखकर फूली?
उत्तरः
दूध की दाँतें
(आ) 7 से 10 तक के प्रश्नों में से सभी प्रश्नों के उत्तर लिखें। प्रत्येक प्रश्ना का 1 स्कोर। ( 4 × 1 = 4)
प्रश्न 7.
“पुराना देवालय,
उसके निकट है कुमुद-सरोवर ”
यह किस कविता की पंक्ति है ?
( कुमुद फूल बेचनेवाली लड़की, आदमी का चेहरा, हाइकू).
उत्तरः
कुमुद फूल बेचनेवाली लड़की
प्रश्न 8.
‘वह भटका हुआ पीर’ किसको पानी पिलाता है? ( यात्रियों को, माँ को, पिताजी को )
उत्तरः
यात्रियों को
प्रश्न 9. कुली की लाल कमीज़ पर क्या टँका हुआ था? (नाम पट्टी, नंबर, टाई)
उत्तरः
नंबर
प्रश्न 10.
“मैं इन्हें मजे में कई घंटे जीवित रख सकता हूँ ।” यह किसने कहा? ( अनंग जी के मित्र, पत्नी, बेटा)
उत्तरः
अनंगजी के मित्र
Part – II
(अ) 11 से 15 तक के प्रश्नों में से किन्हीं 3 के उत्तर लिखें। प्रत्येक प्रश्न के 2 स्कोर। ( 3 × 2 = 6)
प्रश्न 11.
“अब यहाँ न वह लालकिला है, और न पहरेदार । बस,
लकड़ी का एक पुराना सा मकान है”
जेल का कैसा वर्णन बादशाह ने किया है ?
उत्तरः
जेल में बादशाह अपनी दयनीय अवस्था का वर्णन कर रहे हैं।
प्रश्न 12.
“सूरीनाम में हिंदी के प्रचार-प्रसार में, हिंदी को आम आदमी तक पहुँचाने में हिंदी फिल्मों तथा संगीत का भी विशेष योगदान रहा है।” हिंदी के प्रचार-प्रसार के बारे में लेखक क्या कहते हैं?
उत्तरः
लेखक कह रहे हैं, हिंदी को आम आदमी तक पहुँचाने में हिंदी फिल्मों तथा संगीत का विशेष योगदान रहा है।
प्रश्न 13.
” ज़मीन का खरीदार मिला बारह हज़ार प्रति एकड़ की देर से – जैसा कि अनुमान था। कुछ और कीमत आ सकती थी मगर मजबूरी का फ़ायदा सभी उठाते हैं। ” लेखक के इस कथन का तात्पर्य क्या है?
उत्तरः
ज़मीन के लिए और भी कीमत मिलना है। मगर मज़बूरी के कारण वे लोग ज़मीन बेच रहे हैं।
प्रश्न 14.
” बाप ने अपने गाँव में कहीं इसका रिश्ता कर दिया। बाप ने जब बात पक्की की, यह रात ही रात में एक शहरी लड़के के साथ भाग गई।” मुरकी शहरी लड़के के साथ क्यों भाग गई?
उत्तरः
पिता ने एक दूजे आदमी से मुरकी की शादी पक्की की। इसलिए वह एक शहरी लड़के के साथ भाग गई।
![]()
प्रश्न 15.
“मेरी जीत, तेरी जीत
तेरी हार, मेरी हार
सच्ची दोस्त कैसी होनी चाहिए?
उत्तरः
सच्ची दोस्ती में विजय और पराजय एक जैसी होती है।
(आ) 16 से 18 तक के प्रश्नों में से किन्हीं 2 के उत्तर लिखें। प्रत्येक प्रश्न के 2 स्कोर। (2 × 2 = 4 )
प्रश्न 16.
सही मिलान करें।
| (क) यात्रियों को पानी पिलाना | कुमुद फूल बेचनेवाली लड़की |
| (ख) फूल बेचनेवाली लड़की | वह भटका हुआ पीर |
| दवा |
उत्तरः
(क) वह भटका हुआ पीर
(ख) कुमुद फूल बेचनेवाली लड़की
प्रश्न 17.
पात्र से संबंधित सही प्रस्ताव चुनें।
| (क) कुली | घंटे भर के मेहमान |
| (ख) अनंग | यात्री के पानी पिलाना |
| लाल कमीज़ पर नंबर |
उत्तरः
(क) लाल कमीज़ पर नंबर
(ख) घंटे भर के मेहमान
प्रश्न 18.
‘तू पानी पिलाया कर, पुण्य मिलता है।’ …….. मिल ही गया।’ स्कूटरवाले से माँ का उपदेश क्या था?
उत्तरः
तू पानी पिलाया कर, पुण्य मिलता है। माँ का उपदेश यह था।
Part – III
(अ) 19 से 23 तक के प्रश्नों में से किन्हीं 3 के उत्तर लिखें। प्रत्येक प्रश्न के 4 स्कोर। (3 × 4 = 12)
प्रश्न 19.
ये कथन पढ़ें और बहादुर शाह ज़फर के चरित्र पर टिप्पणी लिखें।
• तीन दफ़ा सुनने के बाद भी दिल को करार नहीं आया।
• दिल्लीवाले मुझको रोते होंगे। वे क्या यह नहीं जानते कि मै भी उनको रोता हूँ।
उत्तरः
बहादुरशाह ज़फर बड़े देशप्रेमी है। साथ ही साथ वे स्वाभिमानी एवं परिवारवालों से प्यार करनेवाले हैं। अपने परिवार एवं देश से दूर रहते हुए वे अत्यंत दुःखी हैं। दूसरों के प्रति उनके दिल में सहानुभूति एवं ममता है। अपने देश और देशवासियों के प्रति उनके दिल में सच्चा प्यार है । इसीलिए ही कैद में रहते हुए भी वे अपने देश और परिवारवालों के बारे में सोचकर सदा खिन्न रहते थे।
प्रश्न 20.
जीवनवृत्त पढ़ें और मैथिलीशरण गुप्त के बारे में एक अनुच्छेद लिखें।
नाम : मैथिलीशरण गुप्त
जन्म और जन्म-स्थान : 1885, उत्तर प्रदेश के चिरगाँव
प्रमुख रचनाएँ : साकेत, यशोधरा, पंचवटी
पुरस्कार : 1954 को पद्मभूषण
मृत्यु : 1965
उत्तरः
अपनी बेटी को
![]()
प्रश्न 21.
पद पढ़ें और कृष्ण की बाललीलाओं का वर्णन करें।
सुतमुख देखि जयोदा फूली।
हरषित देखि दूध की दतियाँ प्रेम मगन
तनु की सुधि भूली ।।
बाहिर ते तब नंद बुलाए देखौ
धौं सुंदर सुखदाई |
तनक तनक सी दूध की दतियाँ देखो
नैन सुफल करो आई ।।
आनंद सहित महर तब आए मुख
चितवन दोउ नैन अघाई।
‘सूर’ स्याम किलकत द्विज देख्यो
मनो कमल बीजु जमाई ।।
उत्तरः
सूरदास हिंदी साहित्य के कृष्णभक्ति शाखा के सर्वश्रेष्ठ कृति हैं। सूरसागर, सूरसारावली, साहित्य लहरी आदि सिद्ध रचनायें है। कृष्ण का रूप सौंदर्य, यशोदा के वात्सल्य वर्णन, गोपिकाओं के साथ कृष्ण का व्यवहार, राधा-कृष्ण लीला, भ्रमर गीत आदि इन रचनाओं में हैं। मध्यकालीन भक्त काव्यधारा के सभी गुण इन रचनाओं में मिलते हैं।
जब मुरली का स्वर सुनाई पड़ा तब गोपिकाएँ चकित हुई और वे सब कामकाज भूल गई। कुल की मर्यादा तथा धर्मग्रन्थों के अनुशासन से वे बिलकुल नहीं डरी। पुत्र – पति का स्नेह, घर-बार तथा लोक-लाज की परवाह किए बिना वे कृष्ण रूपी सिंधु में सरिता के जल के समान जा मिलीं। सूरदास कहते हैं कि चतुर कृष्ण नित्य नए तरीके से गोपिकाओं के मन को हर लेते हैं। अनुपम प्रेम की व्यख्या यहाँ हुआ है। कृष्ण में विलीन होना जीवन में मुक्ति को सूचित करते हैं। हमें भक्ति पूर्ण रूप में करना हैं जहाँ अहम की भाव समाप्त हो जाये । सरल शैली में ईश्वरीय प्रेम अनुभूति को दर्शाया है।
प्रश्न 22.
‘हनुमानचालीसा’ तथा ‘रामचरितमानस’ आदि धर्मग्रथों के माध्यम से भारत से जाते समय वे ले गए थे अपने साथ और जिसे उन्होंने तूफान के बीच दीये की तरह जलाए रखा था।’ सूरीनाम के गिरमिटिया श्रमिकों के बारे में एक टिप्पणी तैयार करें।
उत्तरः
गिरमिटिया श्रमिक भारत से सूरीनाम जाते समय अपने धर्मग्रन्थों को भी साथ ले गए थे। इस प्रकार वे हिंदी भाषा को ही अपने साथ ले गए। इसके कारण आज भी सूरीनाम में हिंदी भाषा का प्रचार हो रहा है। एक सौ तीस साल पहले भारत से सूरीनाम पहुंचे प्रथम भारतीय श्रमिक की यादगार में ही विश्व हिंदी सम्मेलन का आयोजन हो रहा है।
प्रश्न 23.
‘मगर नींद के
खुलने के पूर्व ही नोटीसी
बैंक की आ धमकी सपने में ।’
इन पंक्तियों का तात्पर्य क्या है?
उत्तरः
इलाहाबाद
18.03.2016
प्यारी सीमा,
ईश्वर की असीम अनुकंपा से मैं यहां खुश हूँ। मेरा विश्वास है तुम भी वहाँ खूश होगी। तुम्हें एक पत्र लिखने। के बारे में कई दिनों से मैं सोच रहा हूँ। लेकिन अभी समय मिला है।
एक खास बात बताने के लिए ही मैं यह पग लिख रहा हूँ। हम गरीबों की हालत कभी भी युधरेगी नहीं। कितनी सालों से यह झोंपडी में रह रही हूँ। कई महलों में मज़दूरिन बनकर काम कर रही भी हूँ। शायद इसीलिए ही आज मैं ने ऐसा एक सपना देखा जिसमें मैं नया घर – बनवा रही हूँ। लेकिन क्या करूँ मित्र, मकान तो पूरा नहीं हो गया और सपने में ही बैंक से नोटिस आ गयी। हम गरीबों का हाल सुधरेगा ही नहीं। हमें सपने देखने का भी हक नहीं है। मित्र, अपनी लाचारी के कारण ही मैं यह पत्र लिख रही हूँ। इतना लिखकर मैं यह पत्र समाप्त कर रही हूँ। घरवालों से मेरा प्यार और प्रणाम कहना। जवाबी पत्र की तीक्षा में…….
तुम्हारी मित्र,
राधा
(हस्ताक्षर )
(आ) 24 से 25 तक के प्रश्नों में से किसी 1 का उत्तर लिखें। प्रत्येक प्रश्न के 4 स्कोर। (1 × 4 = 4 )
प्रश्न 24.
अंग्रेज़ी खंड का अनुवाद हिंदी में करें।
Mother is a very special and important person for every child. She is the most precious gift of God for anyone. A child can see the world only because of her. She is a friend, guardian, guide and teacher to her child. (special – विशेष, important- महत्वपूर्ण, precious कीमती, gift उपहार, guardian अभिभावक, guide – मार्गदर्शी)
उत्तरः
हर बच्चे के जीवन में माँ का विशेष एवं महत्वपूर्ण स्थान है। सभी के लिए वह भगवान का दिया हुआ सबसे। कीमती उपहार है। माँ के कारण ही प्रत्येक बच्चे यह दुनिया देखने लायक बन जाते हैं। प्रत्येक माँ अपने बच्चे के लिए मित्र, अभिभावक, मार्गदर्शी एवं गुरु के समान है।
![]()
प्रश्न 25.
हाइकू पढ़ें और आशय लिखें।
भादों सरसे
पर विरहिणी का
सूखा आँगन।
उत्तरः
हिंदी काव्य जगत में हाइकू को एक अलग पहचान दिलाने में श्री भगवतशरण अग्रवाल का काफी योगदान। है। उनकी हाइकू संग्रह है ‘इन्द्रधनुष ” प्रस्तुत हाइकू इससे ली गयी है। विरहिणी की पीड़ा का वर्णन करते हुए कवि कहते हैं सुख भरे भाद्रपद महीने में भी विरहिणी का मन अपने प्रिय की चिंता से रूखा-सूखा रहता है। सुख-सुविधाएँ जितनी भी हो, विरहिणी के लिए सब निरर्थक है। अपने प्रिय के बिना वह खुश नहीं रह सकती। प्रिय के बिना उसके लिए सब कुछ निरर्थक एवं अधूरा लगता है। कम शब्दों में बड़ी बातें कहने की क्षमता प्रत्येक हाइकू में है। हाइकू साहित्य की यही सबसे बड़ी विशेषता है। प्रस्तुत हाइकू इसका सशक्त उदाहरण है।
Part – IV
(अ) 26 से 29 तक के प्रश्नों में से किन्हीं 3 के उत्तर लिखें। प्रत्येक प्रश्न के 6 स्कोर| (3 × 6 = 18)
प्रश्न 26.
पति द्वारा उपेक्षित मुरकी किसी दयालु व्यक्ति से भाड़ा लेकर राजवंती के यहाँ आती है। इसके बारे में राजवंती और बेटे कुमार के बीच का वार्तालाप तैयार करें।
• दशहरा का मेला देखने को जाना
• पति द्वारा उपेक्षित हो जाना
• एक दयालु की सहायता मिलना
• राजवंती के यहाँ लौट आना
उत्तरः
राजवंती : आज भी मुझे वह दिन याद है….
कुमार : उस दिन क्या हुआ था माँ जी?
राजवंती : उसका पति कहीं मेला देखने के लिए उसे अपने साथ ले गया।
कुमार : वहाँ क्या हुआ?
राजवंती : रात में उसे किसी सराए में छोड़कर वह भाग गया।
कुमार : उसने ऐसा क्यों किया?
राजवंती : किसी दूसरी स्त्री उसकी नज़र में बैठ गई थी।
कुमार : ओह! कितना क्रूर व्यक्ति था वह। इसने उसे ढूँढा नहीं?
राजवंती : नहीं। वह कहती थी, अब तन को ढूँढने की कोई ज़रूरत नहीं।
कुमार : और अंत में वह किस प्रकार यहाँ वापस आ गई?
राजवंती : किसी दयालु व्यक्ति से राह का भाड़ा लेकर यहाँ आ गई।
कुमार : बहुत अच्छा किया उसने।
प्रश्न 27.
“मैं ज़मीन नहीं बेचता
बेचता हूँ हृदय। ”
बेटी की शादी के लिए पिता को ज़मीन बेचना पड़ता है।
वह अपनी विवशता आत्मकथा में व्यक्त करता है।
संकेतों के आधार पर पिताजी का आत्मकथांश लिखें।
• ज़मीन से गहरा संबंध
• पिता का दायित्व निभाना
• बेटी और ज़मीन की विदाई
उत्तरः
बेचता हूँ हृदय
मेरी बेटी और मेरी ज़मीन ……… दोनों अत्यंत प्रिय है मेरे लिए। मैं किसी को खोना नहीं चाहता। मगर सब नष्ट हो रहा है। मेरी ज़िंदगी में जो कुछ मैंने कमाया है, सब नष्ट हो रहा है, किसी दूसरे का हो रहा है। तन तोड मेहनत किया था मैं ने, इन दोनों को इतना मोहक बनाने के लिए। मगर क्या करूँ….. दोनों मुझसे बिदा लेने की तैयारी में है। बेटी ससुराल जाएगी और ज़मीन पराया हो जाएगा। क्या करूँ, ज़िदनगी कुछ ऐसा ही है।
![]()
प्रश्न 28.
आपके स्कूल में 14 सितम्बर को हिंदी दिवस का आयोजन हो रहा है। स्कूल के प्राचार्य (Principal) समारोह का उद्घाटन करेंगे। उसके लिए एक पोस्टर तैयार करें।
उत्तरः

प्रश्न 29.
गद्यांश पढ़ें और संक्षेपण करें।
भारत की सेवा का अर्थ है लाखों करोड़ों पीड़ित लोगों की सेवा करना। इसका मतलब है गरीबी और अज्ञानता को मिटाना । बीमारियों और अवसर की असमानता को मिटाना। हमारी पीढ़ी के सबसे महान व्यक्ति की यही महत्वाकांक्षा रही है कि हर एक आँख से आँसू मिट जाएँ। शायद ये हमारे लिए संभव न हो, पर जब तक लोगों की आँखों में आँसू हैं और वे पीड़ित हैं तब तक हमारा माक खत्म नहीं होगा। और इसलिए हमें परिश्रम करना होगा ताकि हम अपने सपनों को साकार कर सकें।
उत्तरः
मेरा भारत देश
सबका स्वागत है गरीबी, बीमारी आदि को मिटाकर सभी को समान बनाना ही भारत की सेवा का अर्थ है। गाँधीजी का भी यही सपना रहा। इसलिए हर भारतीय को इसके लिए. परिश्रम करते रहना चाहिए।
(आ) 30 से 32 तक के प्रश्नों में से किन्हीं 2 के उत्तर लिखें। प्रत्येक प्रश्न के 6 स्कोर। (2 × 6 = 12)
प्रश्न 30.
सही मिलान करें:
Commerce – ऊर्जा
Atmosphere – गुरुत्वाकर्षण
Energy – उपग्रह
Gravitation – जीवाणु
Satellite – वाणिज्य
Bacteria – वायुमंडल
उत्तरः
Commerce – वाणिज्य
Atmosphere – वायुमंडल
Energy – ऊर्जा
Gravitation – गुरुत्वाकर्षण
Satellite – उपग्रह
Bacteria – जीवाणु
प्रश्न 31.
कोविड-19 के लिए एक नयी दवा (Medicine) बाज़ार में आने वाली है। उसके लिए उचित विज्ञापन तैयार करें।
• रोग प्रतिरोधक
• 98% रोगों से प्रतिरक्षा
• कम दाम
• सभी के लिए उचित
• दृष्प्रभाव नहीं (No Side Effects)
उत्तरः

प्रश्न 32.
संकेतों के आधार पर ‘जल ही जीवन है’ विषय पर लेख तैयार करें।
• हमारे जीवन में पानी का महत्व
• दूसरों को पानी पिलाना
• जल का संरक्षण
उत्तरः
जल ही जीवन है
जल .. ईश्वर का वरदान है जल। प्रकृति का अनुग्रह है जल। जल के बिना हम एक पल भी नहीं जी सकते। इसके साथ साथ हमें यह भी याद रखना है कि प्यासे को पानी दिलाना पुण्य कर्म है। हम जैसे लोगों को पानी यहाँ मुफ्त में मिलता है। मगर दिल्ली जैसे बड़े शहरों में लोगों को पैसा देकर पानी खरीदना पड़ता है। महान लोग ऐसे करते हैं । इसी हालत में हमें यह भी याद रखना है कि हमें पानी का संरक्षण करना चाहिए। जल का महत्व पहचानकर, आज बहुत सारे लोग जल के संरक्षण कर रहे हैं।
Part – V
(अ) 33 से 35 तक के प्रश्नों में से किन्हीं 2 के उत्तर लिखें। प्रत्येक प्रश्न के 8 स्कोर। (2 × 8 = 16)
प्रश्न 33.
कवितांश की आस्वादन टिप्पणी लिखें।
जिसके रज में लोट-लोटकर बड़े हुए हैं।
घुटनों के बल सरक सरक कर खड़े हुए हैं।
परमहंस सम बाल्यकाल में सब सुख पाए।
जिसके कारण धूल भरे हीरे कहलाए ।।
हम खेले – कूदे हर्षयुत, जिसकी प्यारी गोद में।
हे मातृभूमि ! तुझको निरख, मग्न क्यों न हों मोद में?
उत्तरः
द्विवेदी युग के प्रसिद्ध कवि है श्री मैधिली शरण गुप्त। वे राष्ट्रकवि जाने जाते हैं। मातृभूमि गुप्त जी की एक प्रसिद्ध कविता है, जिसमें अपने जन्मभूमि का गुणगान करके उसकेलिए अपने जान भी देना का आह्वान करते हैं।
मातृभूमि के हरियाली के उपर नीलाकाश एक सुंदर वस्त्र की तरह शोभित है। सूरज और चाँद इसकी मुकुट है, सागर इसकी करधनी है। यहाँ बहनेवाली नदियाँ प्रेम का प्रवाह है। तारे और फूल इसके आभूषण है। पक्षियाँ स्तुतिपाठक है, आदिशेष का सहस्र फन सिंहासन है। बादलों पानी बरसाकर इसका अभिषेक करते हैं। कवि अपनी मातृभूमि के इस सुंदर रूप पर आत्मसमर्पण करते हैं। वे कहते हैं वास्तव में तू सगुण- 35. साकार मूर्ती है।
जन्मभूमि से कवि का बचपन का संबंध व्यक्त करते हुए कवि कहते हैं कि इसके धूली में लोट-लोटकर बडे हुए है। इसी भूमि पर घुटनों के बल पर सरक सरक कर ही पैरों पर खड़ा रहना सीखा । यहाँ रखकर हीबचनप में उसने श्रीरामकृष्ण परमहंस की तरह सभी आनंद पाया। इसके कारण ही उसे धूली भरे हीरे कहलाये। इस जन्मभूमि के गोदी में खेलकूद करके हर्ष का अनुभव किया है। एसी मातृभूमि को देखकर हम आनंद से मग्न हो जाते हैं।
कवि कहते हैं – जो सुख शांती हमने भोगा है, वे सब तुम्हारी ही देन है। तुझसे किए गए उपकारों का बदला देना आसान नहीं है। यह देह तेरा है, तुझसे ही बनी हुई है। तेरे ही जीव-जल से सनी हुई है। अंत में मृत्यु होने पर यह निर्जीव शरीर तू ही अपनाएगा। हे मातृभूमि! अंत में हम सब तेरी ही मिट्टी में विलीन हो जाएगा। सरल शब्दों में कवि मातृभूमि केलिए अपनी जान अर्पित करने की प्रेरणा देती है। आधुनिक समाज में देशप्रेम की ज़रूरत बड़ते जा रहे हैं। आतंकवाद, सांप्रदायिकता आदि को रोकने के लिए देशप्रम की ज़रूरत हैं।
![]()
प्रश्न 34.
विश्व हिंदी सम्मेलन में भाग लेने के लिए सूरीनाम में पहुँचा लेखक अपने उस दिन की डायरी लिखता है । लेखक की डायरी तैयार करें।
• भारतीय शहर जैसे प्रतीत होना
• उद्घाटन समारोह
• हिंदी का प्रचार-प्रसार
• लोगों को हिंदी के प्रति प्रेम
उत्तरः
डायरी
सोमवार
6 जूण 2003
सुरीनाम
आज मेरे जीवन में एक अनोखा दिन है। मैं विश्व हिंदी सम्मेलन में भाग लेने केलिए सूरीनाम आया हूँ। आज सम्मेलन का पहला दिन है। इस प्रसिद्ध सम्मेलन के उद्घाटन सूरीनाम के राष्ट्रपति रुनाल्डो वेनेत्शियन द्वारा हुआ। उनके भाषण इतना प्रभावशाली था कि सब लोग विस्मय से स्तब्ध हो गये। भारत और सूरीनाम के बीच के संबंध के बारे में उन्होंने जिक्र किया। हिंदी भाषा की आज के प्रासंगिकता के बाते में भी आपने कहा। हिंदी फिल्मी संगीत की विशेष योगदान के बारे में भी आपने कहा । मुझे लगा कि इतनी गहरी संबंध रखनेवाले दोनों देशों की भाषाई संबंध को कायम, रखना अनिवार्य है। एक भारतीय होने के कारण मुझे बहुत खुशी हुई।
शुभ रात्री
प्रश्न 35.
मुरकी के पिताजी ने अपने गाँव में कहीं मुरकी का रिश्ता कर दिया। यह खबर सुनते ही मुरकी अपने प्रेमी की एक पत्र लिखती है। वह पत्र तैयार करें।
• राजवंती के घर में आना
• किसी दूजे से शादी तय करना
• लड़कियों को बेचना
• प्रेमी के साथ भाग जाना
उत्तरः
आशोक नगर
16/10/2021
प्रिय राज,
कैसे हो तुम? एक खास बात बताने के लिए ही यह प्रत लिख रहा हूँ। अब हमारे पास वक्त नहीं है। हाँ, राज …. सब कुछ बिगड़ रहा है। अब मैं यहाँ अधिक दिन नहीं रह सकती । ज़रूर तुम्हें कुछ करना होगा। मुझे लगा रहा है, पिताजी को हम दोनों पर शक है। इसीलिए उन्होंने मुझसे पूछे बगैर किसी दूजे से मेरी शाही पक्की कर दी गई है। असल में वे मुझे बिक रहा है, पैसे के लिए। ज़रूर तुम्हें कुछ करना पड़ेगा। अब ज्यादा सोचने का वक्त नहीं है। अच्छा, मैं समाप्त करता हूँ।
तुम्हारी,
मुरकी।